रुद्रपुर। बस स्टेशन के पास स्थित जूते-चप्पल और कपड़े की दुकान में बुधवार की रात शॉट सर्किट से आग लग गई। दुकान की छत पर परिवार के साथ सो रहे दुकानदार राजेंद्र गुप्ता जान बचाने के लिए बेटे अंश को लेकर छत से कूद गया, जबकि पत्नी और बेटी छत पर ही फंसी रहीं।
इन दोनों को फायर बिग्रेड के कर्मियों ने सुरक्षित बचाया। छत से कूदने की वहज से दुकानदार के कमर में गंभीर चोट आई है। दुकानदार ने बताया कि आग लगने से दुकान में रखे करीब पांच लाख रुपये का सामान जल गए। पुलिस कर्मियों ने फायर ब्रिगेड बुलाकर आग बुझाई।
बस स्टेशन के पास राजेंद्र गुप्ता (40) की जूते-चप्पल और कपड़े की दुकान और मकान है। वह दुकान की छत पर मकान बनवाकर परिवार के साथ रहते हैं। बुधवार की रात करीब एक बजे बिजली का तार चटकने से दुकान में आग लग गई। राजेंद्र परिवार के साथ दुकान के ऊपर मकान में सो रहे थे। मकान से निकलने के लिए दुकान से होकर ही रास्ता है।
आग से घिरने के बाद वह अपने बेटे अंश (10) को लेकर छत से एक कटरैन पर कूद गए। बेटे को बचाने में उनके कमर में गंभीर चोट आई। दुकानदार के कमर की हड्डी टूट गई। वही घर में फांसी पत्नी संजू और बेटी अनुष्का को बचाने के लिए चौराहे पर ड्यूटी दे रहे पुलिसकर्मियों ने मदद की।
उन्होंने पहले फायर ब्रिगेड की गाड़ी बुलाकर आग को काबू में किया। उसके बाद दुकान के छत पर फंसी मां-बेटी को सुरक्षित निकाला।
बृहस्पतिवार की सुबह एसडीएम अवधेश कुमार निगम ने क्षति का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि नुकसान का आंकलन कर दुकानदार को नियमानुसार सरकारी मदद दिलाई जाएगी।