भटनी में पाईप लाइन का काम रोकने के बाद खड़ी मशीन।
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भटनी। इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन की ओर से बरौनी-बैतालपुर के बीच बिछाई जा रही पाइप लाइन को तेनुआ और बेहराडाबर गांव के किसानों ने रोक दिया है। किसानों ने बिना मुआवजा दिए खेतों में पाइप लाइन बिछाने का आरोप लगाया है। किसानों ने इसकी शिकायत डीएम से की है। नए सर्किल रेट की दर पर मुआवजा भुगतान हुए बिना पाइप लाइन न बिछने देने की चेतावनी दी है।
बरौनी से बैतालपुर तक पेट्रोलियम पदार्थों की आपूर्ति के लिए पाइप लाइन बिछाने की योजना है। अमलीजामा पहनाने में विभाग करीब पांच वर्षों से लगा है। वर्ष-2013 में बरौनी से बैतालपुर तक पाइप लाइन बिछाने के लिए भूमि का सर्वे कराया गया था। रिपोर्ट जिला प्रशासन को भेजने के बाद भूमि अधिग्रहण के मसले पर यह निर्णय लिया गया कि काम शुरू करने से पहले किसानों को मुआवजा की धनराशि दे दी जाएगी। इस परियोजना के बनने से पेट्रोलियम पदार्थों की सीधी आपूर्ति डिपो को होगी। इसके चलते पेट्रोलियम पदार्थों की किल्लत से निजात मिलेगी। कॉरपोरेशन अपने पेट्रोलियम पदार्थों की आपूर्ति रेलवे के माध्यम से अभी करा रही है। ट्रेनों के रैक आने में एक सप्ताह से अधिक का समय लग जाता है। कॉरपोरेशन ने 2013 सर्किल रेट से भाटपाररानी के गांवों में मुवावजे का भुगतान भी कर दिया है, लेकिन भटनी क्षेत्रों में 10 किमी तक काम करने के बाद भी किसी को मुआवजा नहीं मिला है। अब किसान इसके लिए लामबंद हो गए हैं। दो गांवों के विरोध के बाद आसपास के गांव वालों ने भी बिना मुआवजे के काम नहीं होने देने का फरमान सुनाया है। विरोध प्रदर्शन में पूर्व प्रधान अमीन अंसारी, बलिस्टर कुशवाहा, बेचू चौहान, हमीम अंसारी, कोदई मिश्र, रामप्रवेश, हरिगोविंद, मुनीब ठाकुर, शशि कुमार तिवारी, राजकुमार खरवार आदि शामिल रहे।