बरहज में नगर भ्रमण के दौरान साकेत बिहारी और ठाकुर जी का रथ खींचते भक्त
- फोटो : अमर उजाला
बरहज। प्रभु साकेत बिहारी की पारंपरिक रथयात्रा शनिवार को नगर में धूमधाम से निकाली गई। बारिश की फुहारों के बीच निकली रथयात्रा का लोगों ने घर की छतों से फूलों की वर्षा कर प्रभु का अभिनंदन किया। जगह-जगह झांकी की भव्य आरती उतारी गई। प्रभु का रथ खींचने के लिए लोगों में होड़ मची रही। सुरक्षा के भी चाक-चौबंद व्यवस्था की गई थी।
आजाद नगर दक्षिणी स्थित सोना मंदिर और रगरगंज के नीलकंठ मंदिर से ठाकुर जी व साकेत बिहारी की रथयात्रा निकाली गई। रथों को खींचने के लिए भक्तों में होड़ लगी थी। प्रभु के साथ भूत-प्रेत, बैताल आदि चल रहे थे। जो आकर्षण का केंद्र रहे। करीब तीन बजे थाना मार्ग स्थित हनुमान गढ़ी पर ठाकुर जी महाराज और साकेत बिहारी का मिलन हुआ। यात्रा में आगे-आगे डीजे, तुरहा, ढोल-नगाड़ा की धुन पर थिरकते भक्त चल रहे थे तो उनके पीछे रथ पर सवार प्रभु की नयनाभिराम झांकी थी। घरों की छतों और सड़क के किनारे महिला-पुरुषों की भीड़ जमा थी। जगह-जगह लोगों ने प्रभु की आरती उतारी। जुलूस मुख्य चौराहे से बस स्टेशन के रास्ते रेलवे तिराहा होते हुए देर शाम वापस मंदिर परिसर में पहुंचा। जयघोष और मंगल गीत से समूचा क्षेत्र भक्तिमय हो गया था। इस दौरान महंत मुन्ना दास, पुजारी रामनिवास दास, अध्यक्ष रामअधार गुप्त, शिवसहाय बरनवाल, मुरली मनोहर जायसवाल, इंद्रजीत उपाध्याय, रामेश्वर प्रसाद यादव, सुनील कुमार अग्रवाल, मदन गुप्त, धर्मेंद्र जायसवाल, सोनू जायसवाल, नथुनी मद्धेशिया, संजय जायसवाल, गोविंद, श्याम सुंदर, अमूल रत्न जायसवाल आदि मौजूद रहे।
----