देवरिया। छोटी दीपावली पर घरों में दीप जलाए गए। मकानों को झालरों से सजाया गया। शाम ढलते ही झालरों की रोशनी यह बता रही थी कि गुरुवार को दीपावली है। धन की देवी लक्ष्मी को खुश करने के लिए घरों में रंगोली भी बनाई गई है तो तरह-तरह के जतन भी किए गए हैं। बच्चों ने छोटी दीपावली पर पटाखे भी छोड़े।
शहर हो या देहात हर जगह दीपावली की धूम शुरू हो गई है। धनतेरस से शुरू होने वाला दीपोत्सव गोवर्धन पूजा तक चलेगा। पांच दिनों के इस पर्व में बच्चे हों या बढ़े, उत्साह और उमंग में डूबे रहते हैं। एक सप्ताह से घरों की साफ-सफाई का दौर चल रहा था। कोई अपने घर को रंगरोगन करा रहा था तो काई साफ-सफाई से ही काम चलाया। धनतेरस को सामर्थ्य के अनुसार खरीदारी के बाद महिलाएं बुधवार को छोटी दीपावली की तैयारी में जुट गईं। सूरज ढलते ही घरों में दीप जलाने का सिलसिला शुरू हुआ। कुल देवता के नाम पर दीप जलाया गया तो घूरे पर भी दीप जलाकर रखा गया। बच्चों ने पटाखे छोड़े, लेकिन अभिभावकों की नजर बच्चों पर थी। बार-बार कह रहे थे आज कम ही पटाखे छोड़ो क्योंकि असली दीवाली तो कल है।