बरहज के कटइलवा गांव के करीब विभाग की ओर से लगाये बम्बू क्रेट आदि पर दबाव बनाती घाघरा
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बरहज। भारी बारिश से घाघरा नदी के जलस्तर में तेजी से वृद्धि हुई है। सोमवार को नदी का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर गया। शाम तक पानी खतरे के निशान से 15 सेमी ऊपर बह रहा था। बाढ़ की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने अलर्ट जारी कर दिया है। तटवर्ती गांवाें के लोग सुरक्षित ठिकाने तलाश रहे हैं।
करीब एक सप्ताह से नदी के जलस्तर में निरंतर वृद्धि हो रही है। सोमवार को जलस्तर खतरे के निशान 66.50 से 15 सेमी ऊपर 66.65 मीटर दर्ज किया गया। नदी कटइलवा गांव के दक्षिण इंटरलॉकिंग सड़क के नजदीक पहुंच गई है। बाढ़ खंड विभाग की ओर से गांव को बचाने के लिए लगाए गए बंबू क्रेट पर नदी का दबाव बढ़ रहा है, इससे तटवर्ती गांव के लोग सहमे हुए हैं। गांव के पारस यादव, मुखलाल आदि के घर के समीप लगे बंबू क्रेट पानी का दबाव सह नहीं पा रहे हैं। उधर, प्रशासन ने बाढ़ की आशंका के बाद बचाव के लिए किनारे ईंट के टुकड़े गिरवाए हैं। एसडीएम घनश्याम ने बताया कि बढ़ते जलस्तर को लेकर अलर्ट जारी कर दिया गया है। अतिसंवेदनशील जगहों का निरीक्षण कर कमियों को दूर किया जा रहा है।
भागलपुर में भी सरयू उफान पर
भागलपुर। सरयू नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। अगर बढ़ाव की रफ्तार धीमी नहीं पड़ी तो तो मंगलवार को नदी खतरे के निशान को पार कर जाएगी। जलस्तर में लगातार वृद्धि होने से लोग सहमे हुए हैं। वे लगातार प्रशासन से राहत-बचाव की मांग कर रहे हैं।
बारिश के चलते सरयू का जलस्तर पांच दिनों में तेजी से बढ़ा है। हाहानाला तुर्तीपार रेगुलेटर पर जलस्तर सोमवार की दोपहर तक 64.20 मीटर तक पहुंच गया जो कि खतरे के निशान 64.30 से महज 10 सेमी नीचे रह गया है। जलस्तर में 21 घंटे में 20 सेमी की बढ़ोतरी दर्ज की गई। केंद्रीय जल आयोग के कर्मचारियों के अनुसार शाम से पानी कम होने की उम्मीद की जा सकती है।