देवरिया। बकरीद का त्योहार शनिवार को अकीदत के साथ मनाया गया। नमाज के बाद कुर्बानी की अदायगी की। उलेमाओं ने कहा कि कुर्बानी के जज्बे को याद रखें। क्योंकि अल्लाह को बंदों की नीयत पर नजर है। गले-मिल कर एक-दूसरे को मुबारकबाद दी। कब्रों पर फातिहा पढ़ा। प्रशासनिक और पुलिस अफसर अलर्ट रहे। कुर्बानी का सिलसिला चार सितंबर को मगरिब के पहले तक चलेगा। बाढ़ पीड़ितों के लिए दुआएं भी गईं। मुल्क की तरक्की और भाईचारा कायम रखने पर जोर दिया।
शनिवार को फजिर की अजान फिजा में गूंजते ही घरों में तैयारियां शुरू हो गई। मस्जिदों में नमाज अदा की गई। इसके बाद घर पहुंचकर तैयारियों में जुट गए। नहा-धोकर कुर्ता पाजामा पहना, टोपी और इत्र लगाया। सुबह 6.30 बजे से ईदगाह में पहुंचने का सिलसिला शुरू हुआ जो नमाज के शुरू होने तक जारी रहा। जगह नहीं मिलने पर छत पर नमाज अदा की गई। उलेमाओं ने तकरीर में कहा कि हजरत इब्राहिम अलैहिस्सलाम की सुन्नत को याद करें। इस पर हर हाल में अमल करें। शहर के मालवीय रोड स्थित ईदगाह में मौलाना अशफाक अहमद कासमी ने कहा कि कुर्बानी का त्योहार केवल बकरों का जिब्ह नहीं है। बल्कि अल्लाह की रजा के लिए हर तरह की कुर्बानी के लिए तैयार रहने का संकेत है। तहसील रोड स्थित जामा मस्जिद में मौलाना अहमद रजा मिस्बाही ने नमाज अदा कराई। कहा कि कुर्बानी एक अच्छा अमल है, इसे जिंदगी में उतारें ताकि दूसरे लोगों को आसानी रहे।
ईदगाह पहुंचे डीएम-एसपी, बधाई दी
बकरीद पर व्यवस्था का जायजा लेने डीएम सुजीत कुमार और एसपी राजीव मल्होत्रा ईदगाह पर पहुंचे। उन्होंने बकरीद की मुबारकबाद दी। कहा कि कुर्बानी का जज्बा रखें। बच्चों को टॉफी दी। उनके अलावा नेता भी ईदगाह और जामा मस्जिद इलाके में पहुंचे। उन्होंने गले मिल कर बधाई दी। रामायण राव, अशोक मद्धेशिया, सुरेश गुप्त, शाकिर हुसैन आदि नेता डोर-टू-डोर लोगों से मिले।
देर रात तक चला खाने खिलाने का दौर
मुस्लिम दोस्तों के घरों में हिंदू भाई पहुंचे। मेहमानों के इस्तकबाल के लिए दस्तरख्वान सजे थे। जिस पर सेवइयों के अलावा मटन की विभिन्न किस्म, बिरयानी, कबाब, शीरमाल था। मेहमानों ने लजीज पकवानों का लुत्फ उठाया। हंसी-ठिठोली का दौर चला। दुख-दर्द को साझा किया। कुछ लोगों ने गिले-शिकवे दूर किए। हर वक्त साथ देने का वादा किया। मेहमानों के आने-जाने से मुस्लिम बाहुल्य इलाके गुलजार रहे।
ईदगाह पहुंचे संभावित दावेदार
देवरिया। ईदगाह और मस्जिदों के बाहर अध्यक्ष और सभासद पद के संभावित दावेदार मौजूद रहे। दरअसल नगरीय क्षेत्रों के निकायों में चुनाव संभावित है। ऐसे में बड़े हुजूम के साथ मिलने का मौका कम है। इसके चलते संभावित दावेदारों ने ईदगाह और मस्जिदों में दस्तक दिए। गले लग कर एक-दूसरे को बधाई दी। शहर के मालवीय रोड ईदगाह, जामा मस्जिद, न्यू कॉलोनी, शहीद बाबा का दरगाह के अलावा रामपुर कारखाना के थाना के सामने ईदगाह, बरियारपुर, गौरीबाजार के मस्जिद के बाहर भी नेताओं ने समर्थकों के साथ दमखम दिखाया।
अल्लाह को सबसे अधिक पसंद है कुर्बानी
सलेमपुर और आसपास के इलाकों में धूम रही
अमर उजाला ब्यूरो
सलेमपुर/मेहरौनाघाट। तहसील क्षेत्र के इलाकों में बकरीद मनाई गई। पेश इमाम ने कुर्बानी की अदायगी के बारे में जानकारी दी। सुरक्षा व्यवस्था के लिए प्रशासन और पुलिस अलर्ट रहा। सलेमपुर ईदगाह, भठवा धरमपुर, लार ईदगाह, नवलपुर, पिंडी, मेहरौना, सुरक्षा व्यवस्था रही, पीएसी और कई थानों की फोर्स मुस्तैद रही। बकरीद की नमाज के लिए सुबह से तैयारियां शुरू हो गई। बच्चों ने नमाज की अदायगी के लिए तैयार हुए। पठानी सूट और टोपी लगाकर बड़ों के साथ घर से निकले। नमाज की अदायगी की। उलेमाओं ने कहा कि बकरीद त्याग का प्रतीक है। इसको हर हाल में अपनाएं। क्योंकि अल्लाह को कुर्बानी सबसे अधिक पसंद है। यह जान और माल सब कुछ के लिए हो सकता है। इसके बाद गले मिल कर दोस्तों को बधाई दी। घरों में पहुंचकर लजीज पकवानों का लुत्फ उठाया।
मुल्क की तरक्की के लिए दुआएं मांगी
रामपुर कारखाना/बघौचघाट। नगर क्षेत्र के अलावा देहात के गांवों में बकरीद धूमधाम से मनाई गई। ईदगाह और मस्जिद में एक साथ नमाज अदा की। भाईचारा और मुल्क की तरक्की के लिए दुआएं मांगीं। घरों में पहुंचकर लोगों ने कुर्बानी की रस्म अदा की। करीबियों और दोस्तों को सेंवई और विभिन्न पकवान खिलाया। देर रात तक गांव के इलाकों में चहल-पहल रही। थाना के सामने ईदगाह में सबसे अधिक लोग नमाज अदा करने पहुुंचे। यहां पर विभिन्न दलों के नेता मौजूद रहे। बच्चे घर वालों का हाथ पकड़ कर ईदगाह में पहुंचे। उनके बगल में नमाज अदा की। उलेमाओं तकरीर को गौर से सुना। इसके अलावा नई मस्जिद, चिरकिहवा, कोटवा, करमहा, शामीपट्टी, कौलाछापर के अलावा बैतालपुर के भंडा, बेलवा, इजरही, करजहा, सैखौना और गौरीबाजार के थाना रोड, अशरफ नगर, असनहर, इंदुपर, बखरा आदि जगहों पर नमाज अदा की गई। देर रात तक मेंहमानों के आने का सिलसिला जारी रहा। देसही देवरिया के पिपरा मदन गोपाल, भटनी दादन, देवरिया बुद्धू खान, हेतिमपुर, नौतन हथियागढ़, शामपुर, बरवामीर छापर, रामपुर हीरामन आदि इलाकों के अलावा पथरदेवा, सिधावे, मेंहाहरंगपुर, रामपुर महुआबारी, हरफोड़ा, मलसी के अलावा खुखुंदू के जुआफर, जैतपुरा के अलावा करौंदी बाजार, बरियारपुर, बैकुंठपुर के अलावा रामपुर अवस्थी, लोहरौली, मठिया बिहार आदि जगहों पर नमाज अदा की गई।