देवरिया। टिकट कटने की अफवाहों पर विराम लगाते हुए भाजपा ने सलेमपुर सीट से मौजूदा सांसद रवींद्र कुशवाहा के नाम पर मुहर लगा दी है। मंगलवार की शाम भाजपा की सूची में सलेमपुर सीट पर प्रत्याशी के एलान के बाद समर्थक झूम उठे। बांसगांव सुरक्षित सीट पर भी मौजूदा सांसद कमलेश पासवान ही उम्मीदवार रहेंगे।
उधर, देवरिया सीट पर कोई फैसला न होने से ऊहापोह बढ़ गया है। कलराज मिश्र के इन्कार के बाद पार्टी यहां सुयोग्य व्यक्तित्व की तलाश में जुटी है। वर्ष 2014 की मोदी लहर में भाजपा ने जिले की तीनों संसदीय सीटों पर भारी अंतर से एकतरफा जीत दर्ज की थी। सदर सीट से निर्वाचित कलराज मिश्र को केंद्रीय मंत्रीमंडल में भी शामिल किया गया। हालांकि बाद में उम्र सीमा के कारण उन्हें मंत्रीमंडल से इस्तीफा देना पड़ा था। इस बार चुनाव में पूर्वांचल की कई सीटों पर प्रत्याशी बदले जाने की चर्चाओं के बीच जिले की भी देवरिया और सलेमपुर सीट पर बदलाव के कयास लगाए जा रहे थे।
इसके लिए कलराज मिश्र की अधिक उम्र को कारण बताया जा रहा था, जबकि सलेामपुर में विपक्षी गठबंधन की ओर से स्वजातीय उम्मीदवार और राजभर बहुल क्षेत्र होने के कारण भासपा की भी दावेदारी से टिकट परिवर्तन की अटकलें राजनीतिक हलके में गर्म थी। चुनावी पंडित इसी के अनुसार भविष्य की सियासी तस्वीर साफ करने में जुटे थे। मंगलवार की शाम जारी भाजपा की दसवीं सूची ने सभी अटकलों पर विराम लगा दिया। पार्टी ने सलेमपुर से रवींद्र कुशवाहा पर ही भरोसा जताया है। रवींद्र के पिता हरिकेवल प्रसाद भी क्षेत्र से चार बार सांसद रह चुके हैं। बिरादरी में मजबूत पैठ रखने वाले रवींद्र की उम्मीदवारी से समर्थकों में उत्साह है तो सपा-बसपा गठबंधन से भी बसपा के प्रदेश अध्यक्ष आरएस कुशवाहा के मैदान में उतरने से रोचक मुकाबले के आसार जताए जाने लगे हैं। अब कांग्रेस प्रत्याशी पर सबकी निगाहें टिक गई हैं।