चित्रकूट। पति से फोन पर बात के बाद पत्नी ने मायके में फंदा लगाकर खुदकुशी कर लिया। इसकी जानकारी होते ही पति ने भयवश ट्रेन के सामने कूद कर जान दे दी। पोस्टमार्टम हाउस में पहुंचे दोनों पक्षों के परिजनों में आरोप प्रत्यारोप को लेकर तीखी बहस हुई। पुलिस के पहुंचने के बाद मामला शांत हुआ। पुलिस ने दोनो के मोबाइल अपने कब्जे में लिये हैं।
भरतकूप थाना क्षेत्र के पतौड़ा निवासी शिवलाल यादव (22) की शादी सदर कोतवाली क्षेत्र के लौढि़या खुर्द निवासी राजेश यादव की पुत्री जानकी देवी (20) के साथ 25 अप्रैल 2024 को हुई थी। जानकी करीब दो माह से मायके में थी। वह शनिवार को मायके पक्ष की एक रिश्तेदारी में सिंहपुर गांव निमंत्रण में गई थी। वहीं पर फोन से पति से बातचीत हुई और रविवार की सुबह ही वह मायके लौट आई थी। इसके बाद शाम को पिता व भाई शारदा को खाना खिलाने के बाद सो गई थी। जानकी के भाई शारदा ने बताया कि सोमवार की सुबह परिजनों ने बल्ली में दुपट्टा से उसका शव लटकता देखा तो होश उड़ गए। घटना की सूचना उसके ससुराल पहुंची तो ससुराली पक्ष आए और पुलिस को सूचना दी। शारदा ने बताया कि बहन के मोबाइल को देखा तो सुबह उसके पति का नंबर डायल था। ऐसे में शक है कि पति से बात करने के बाद उसने फंदा लगाया। पुलिस ने मौत का कारण जानने के लिए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
सोमवार की दोपहर को पति शिवलाल ने पत्नी के मरने की जानकारी पर भरतकूप के सुदिनपुर के पास ट्रेन के सामने कूद गया। जिससे उसकी मौत हो गई। मौत की सूचना मिलते ही पोस्टमार्टम हाउस में मायके व ससुराली पक्ष में कहासुनी हो गई। बात इतनी बढ़ गई कि मारपीट की नौबत आ गई। शिवलाल के भाई जीवनलाल ने महिला पक्ष पर चिल्लाते हुए आरोप लगाया कि जानकी की मौत के लिए भाई को जिम्मेदार बताकर उसे फंसाने व जेल भेजने की धमकी दी गई। इससे ग्लानि व भयवश उसने भी खुदकुशी कर ली।
कोतवाल उपेंद्र सिंह मय फोर्स पहुंचे। समझा बुझाकर मामला शांत कराया। पुलिस ने शिवलाल के शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। शाम तक जानकी का पोस्टमार्टम हो गया था। घटना की सूचना मिलते ही सपा जिलाध्यक्ष शिवशंकर सिंह यादव, नरेंद्र यादव भी पोस्टमार्टम हाउस पहुंचकर परिजनों को सांत्वना दिया। अपर एसपी चक्रपाणि त्रिपाठी ने बताया कि पति पत्नी की मौत की जानकारी पर पुलिस ने वैधानिक कार्रवाई की है। किसी के खुदकुशी करने के पीछे कोई ठोस कारण की जानकारी नहीं है। संभावना है कि महिला की मौत के बाद पति को लगा कि उसे इस मामले में फंसाया जा सकता है तो उसने भय व ग्लानिवश अपनी जान दे दी।