चित्रकूट। बार एसोसिएशन चुनाव के परिणाम का निवर्तमान कमेटी विरोध कर रही है। गुरुवार को कचहरी परिसर में प्रदर्शन के बाद बैठक हुई। तय किया गया कि नई कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण कार्यक्रम पांच जनवरी तक नहीं होने देंगे। इसके लिए उच्चाधिकारियों को पत्र भी लिखा है। पांच जनवरी को एल्डर कमेटी के सदस्यों की बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश प्रयागराज में पेशी तक कोई नई प्रक्रिया नहीं होने दी जाएगी।
गुरुवार को कचहरी परिसर में अध्यक्ष संजय करवरिया की अध्यक्षता में अधिवक्ताओं की बैठक हुई। चर्चा हुई कि एल्डर कमेटी ने बार काउंसिल ऑफ उप्र के आदेश को नहीं मानकर प्रमाणपत्र जारी कर दिए। इसके लिए स्पष्टीकरण मांगा जाए। रोक के बावजूद कमेटी ने चुनाव संबंधी कागजात संघ कार्यालय में जमा नहीं किए। इसके अलावा पांच जनवरी तक चुनाव संबधी कोई नई प्रक्रिया न की जाए। बैठक में महासचिव मनीष कंचनी, अनुराग पटेल, जितेंद्र उपाध्याय, राजकुमार, शिवशंकर उपाध्याय, विनय सिंह, रामेंद्र त्रिपाठी आदि मौजूद रहे।
पांच जनवरी को किया है तलब
चुनाव को लेकर बार काउंसिल ऑफ उप्र प्रयागराज के अध्यक्ष शिवकिशोर गौड़ ने पत्र जारी कर बताया कि वन बार वन वोट के सिद्धांत पर चुनाव कराने के निर्देश हैं। चित्रकूट बार एसोसिएशन की मतदाता सूची में गड़बड़ी की शिकायत के आधार पर मतदान पर रोक लगाने के निर्देश दिए थे। मतदान के बाद परिणाम वाले दिन 24 दिसंबर को फिर पत्र जारी हुआ कि एल्डर कमेटी के अध्यक्ष बुआराम शुक्ला, सदस्य रामप्रसाद सिंह, गोपालदास अग्रवाल, सूर्यबलि त्रिपाठी, सुशील त्रिपाठी, चंद्रपाल पाल, योगेश श्रीवास्तव, चुनवाद प्रसाद को निर्देश न मानने पर पांच जनवरी को प्रयागराज कार्यालय में उपस्थित हों। तब तक इनके अधिवक्ता व्यवसाय पर रोक रहेगी।
जीतने के बाद किया जा रहा विरोध
निर्वाचित अध्यक्ष अशोक कुमार गुप्ता ने कहा कि मतदान के दिन और मतगणना के आधे समय तक किसी को कोई दिक्कत नहीं थी। एल्डर कमेटी ने मतदान से पूर्व सभी की बैठक बुलाई थी, जिसमें बार काउंसिल ऑफ उप्र प्रयागराज के पत्र के आधार पर चर्चा हुई थी। दावा किया कि इस बैठक में सभी ने एल्डर कमेटी से चुनाव प्रक्रिया जारी रखने के लिए कहा था। अब उनके जीतने पर विरोधी लोग यह सब कर रहे हैं। एल्डर कमेटी ने जीत का प्रमाणपत्र भी दे दिया है।