चित्रकूट का रहने वाला छात्र आखों पर काली पट्टी बांधकर किताबें और अखबार पढ़ लेता है। छात्र यश ने मीडिया के सामने अपनी ध्यान कला मीडिया के समाने दिखाई। उसने अखबार की खबरों को आंख में काली पट्टी बांधकर पढ़कर सुनाया।
आंख पर काली पट्टी बांधकर किताबें और अखबार पढ़ने वाले छात्र की प्रतिभा की सराहना की जा रही है। इस कमाल को देखने के लिए उसके घर में कोई न कोई पहुंचता रहता है। लगातार यश की कीर्ति बढ़ती जा रही है।
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मुख्यालय से सटे बालापुर माफी निवासी नवल किशोर पटेल रेलवे में सिग्नल इंस्पेक्टर हैं। उनका पुत्र 12 साल का यश पटेल है। मिड ब्रेन एक्टीवेशन ध्यान मुद्रा के जरिए उसने यह हुनर हासिल किया है। जो दूर रखी किसी चीज को बंद ऑखों से महसूस करके बता सकता है। छात्र की मां बंसती पटेल का दवा है कि यश आखों में पट्टी बांधकर किताबे व अखबार पढ़ सकता है।
वही छात्र यश ने मीडिया के सामने अपनी ध्यान कला मीडिया के समाने दिखाई । उसने अखबार की खबरों को आंख में काली पट्टी बांधकर पढ़कर सुनाया। इसी प्रकार छह साल यूपी खुशहाल की पुस्तिका को पढ़ा उसने कवर पेज पर छपी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राज्यपाल आनंदी बेन पटेल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व रक्षामंत्री राजनाथ की फोटो को पहचान कर बताया।
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इस संबध में महात्मागांधी ग्रामोद्य विश्व विद्यालय के मनोविज्ञान के शिक्षक डॉ. नंद लाल मिश्र ने बताया कि कई ऐसी तकनीक है जिसमें तरंगों के माध्यम से ऐसा किया जा सकता है। हालाकि इसके लिए कठिन परिश्रम की जरूरत होती है।