संवाद न्यूज एजेंसी
मानिकपुर/राजापुर/मऊ। जिले में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण ग्रामीण क्षेत्रों की नदियों का जलस्तर उफान पर है। नदियों का पानी रास्तों में भरने से 50 से अधिक गांव प्रभावित हैं। कई जगह आवागमन पूरी तरह ठप हो गया है।
मानिकपुर क्षेत्र में बरदहा नदी में पिछले एक सप्ताह से जलस्तर बढ़ा हुआ है। चमरौहा गांव के पास बने रपटे के ऊपर पानी बह रहा है। इससे मऊ गुरदरी, पयासी पुरवा, चमरौहा, रानीपुर कल्णगढ़, गिदुरहा, करौंहा, निही चरैया आदि गांवों के निवासियों का आना-जाना बंद है। स्थिति को देखते हुए एडीएम चंद्रशेखर, एसडीएम विपिन कुमार द्विवेदी, थानाध्यक्ष अजीत पांडेय टीम के साथ मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों की समस्या सुनीं। यहां एसडीआरएफ की टीम तैनात की गई है। जरूरी काम के लिए ग्रामीणों को नाव के जरिए नदी पार कराई जा रही है।
राजापुर क्षेत्र में लगातार बारिश से गुंता नदी का जलस्तर बढ़ गया है। इससे ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बरुवा गांव के खुटहाई पुरवा का मुख्य संपर्क मार्ग पानी में डूब गया है। शिवलहा पुरवा, कैरा पुरवा और खुटहाई पुरवा के लोग परेशान हैं। एसडीएम पूजा गुप्ता ने बताया कि यहां दो नावें लगाई गईं हैं और क्षेत्रीय लेखपाल नवीन चंद्र को मौके पर भेजा गया है। ग्रामीणों को सतर्क रहने की हिदायत दी गई है।वहीं यमुना नदी का जलस्तर भी धीमी गति से बढ़ रहा है। ग्रामीण राजेश सिंह, कमलेश कुमार के अनुसार अभी खतरा नहीं है लेकिन निगरानी रखी जा रही है।
मऊ क्षेत्र में यमुना नदी का जलस्तर बढ़ने से मऊ और परदवा संपर्क मार्ग दूसरे दिन भी पानी में डूबा रहा। इस कारण पाली, कुरिया, कनभय, बरहा, कोटरा आदि गांवों के लोगों का आवागमन प्रभावित है। यहां भी लोग नाव के माध्यम से आ-जा रहे हैं। एडीएम चंद्रशेखर ने बताया कि नदी किनारे के गांवों में अलर्ट जारी किया है और लोगों से नदी-नालों से दूर रहने की अपील की है।