मऊ(चित्रकूट)। मऊ थाना क्षेत्र के अहिरी गांव में ईसाई धर्म में परिवर्तन कराने का आरोप लगा रविवार सुबह बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने हंगामा किया। पुलिस के पहुंचने पर किसी तरह मामला शांत हुआ। विहिप कार्यकर्ता की तहरीर पर पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
मऊ के बाजार रोड निवासी विश्व हिंदू परिषद के सदस्य मुकेश बाजपेई ने बताया कि रविवार को सूचना मिली कि अहिरी गांव में फूलचंद व उसके सहयोगी अपने घर में कुछ लोगों का धर्म परिवर्तन करवा रहे हैं। मौके पर विहिप के कार्यकर्ता पहुंचे। वहां पर ईसाई धर्म अपनाने का प्रचार-प्रसार किया जा रहा था। साथ ही हिंदू धर्म के देवी देवताओं का अपमान कर उनके प्रति घृणा पैदा की जा रही थी। रोकने के प्रयास किया तो अहिरी गांव निवासी फूलचंद्र, अर्जुनपुर खंडेहा निवासी बाबूलाल, रामनगर निवासी संतलाल और कौशांबी जिले के महिला निवासी राजकुमार पटवा बहस करने लगे।
मौके पर दोनों पक्ष से तीखी बहस होने लगी। स्थानीय लोगों ने बताया कि फूलचंद्र व अन्य कह रहे थे कि वह सब धर्म परिवर्तन नहीं करा रहे थे। वह तो घर में कुछ जानने वालों के साथ बैठकर बातचीत कर रहे थे। वहीं, विहिप कार्यकर्ताओं ने कहाकि गरीबों को जबरन ईसाई बनने का प्रलोभन दिया जा रहा था। विहिप कार्यकर्ताओं ने बताया कि सूचना पर पुलिस पहुंची तो उनके सामने भी ईसाई धर्म अपनाने का जोर दिया जा रहा था। थाना प्रभारी दुर्गविजय सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर फूलचंद्र, राजकुमार, संतलाल व बाबूलाल के खिलाफ ईसाई धर्म अपनाने, प्रचार-प्रसार करने व हिंदू देवी-देवताओं को अपमानित करने और घृणा पैदा करने की रिपोर्ट दर्ज की है। आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।
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इनसेट
चित्रकूट। मऊ के अहिरी गांव निवासी फूलचंद पर आरोप है कि वह कई साल से यह काम कर रहा है। विहिप के जिला कमेटी के सदस्य अंकित शुक्ला ने बताया कि फूलचंद्र ने भी खुद ईसाई धर्म अपना लिया है। अब वह ईसाई मिशनरी के ईशारे पर काम कर रहा है। इनकी एक टीम है जो ग्रामीण क्षेत्र में गरीब वर्ग को धर्म परिवर्तन कराने के लिए मजबूर करते हैं। इनकी कार्यशैली में गरीबों को पहले धन का लालच दिया जाता है। धन की लालच में ही गरीब वर्ग इनके झांसे में आता है। गांव-गांव जाकर या फिर एक स्थान पर कई ग्रामीणों को एकत्र कर उन्हें बाइबिल पढ़ाई जाती है। बाइबिल के बारे में बताया जाता है।