कामदगिरी परिक्रमा मार्ग पर धरने पर बैठे साधुसंत
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मप्र के अधिकारियों के आश्वासन पर सांकेतिक परिक्रमा पर 24 घंटे पहले ही रोक लगाने की मांग मानने वाले साधु संतों ने बुधवार को अपना कार्यक्रम बदल दिया। शाम को कामदगिरी द्वितीय मुखारबिंद मंदिर के पास धरने पर बैठ गए। इस दौरान साधुओें ने कहा कि परिक्रमा पर रोक नहीं लगाएंगे लेकिन प्रशासन को जनहित की समस्या के लिए ध्यान जरूर आकृष्ट कराएंगे।
अचानक कार्यक्रम बदलकर साधुओं के धरने की जानकारी होते ही मप्र सतना के अधिकारी एक्शन में आए। मौके पर एसडीएम एपी द्विवेदी, तहसीलदार एसपी गौण व एसडीओ पीएल अवस्थी पहुंचे। अधिकारियों ने धरना समाप्त कराने को कहा लेकिन संत नहीं माने। साधु संतों ने कहा कि सीवर लाइन का बंद पड़ा काम चालू कराया जाए। बिहारी चौक से प्रेमपुजारी दास तक ओवर ब्रिज का निर्माण हो। परिक्रमा मार्ग के तुलसी मार्ग पर पुल बनाया जाए। इसके बाद पांच सूत्रीय ज्ञापन एसडीएम को सौंपा। इसमें बताया कि इन समस्याओं का निराकरण नहीं किया गया तो 28 नवंबर को जानकीकुंड के पास चित्रकूट सतना रोड पर जाम लगाया जाएगा। धरना लगभग एक घंटे तक चला।
इस मौके पर सनकादिक महाराज, जगद्गुरु रामस्वरूप महाराज, सीताशरण, रामशरण, कुंज बिहारी शरण, आनंद दास, रामबलराम दास, रघुवर दास, मदन गोपाल व गोविंद दास आदि मौजूद रहे।