चित्रकूट। मुख्यमंत्री कार्यालय से गठित टीम ने प्रदेश में महिलाओं से संबंधित योजनाओं की जमीनी सच्चाई का पता करने के लिए जिला अस्पताल का निरीक्षण किया। उन्होंने प्रसूता, एनआरसी, डाक्टर कक्षों को देखा। जहां गंदगी समेत अन्य खामियां मिलने पर जांच रिपोर्ट शासन को भेजने की बात कही है। डाक बंगले में इस टीम ने सभी विभागों के अधिकारियों को बुलाकर महिलाओं से जुडे़ कार्यक्रम की जानकारी ली।
मंगलवार जनपद के तीन दिवसीय दौरे पर आए जोनल अधिकारी अपर आयुक्त उद्योग कानपुर चित्रलेखा, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट प्रयागराज(आईएएस) आकांक्षा राना व यूपी 112 डायल लखनऊ क्षेत्राधिकारी श्वेता श्रीवास्तव की टीम सोनेपुर स्थित जिला अस्पताल पहुंचीं। उन्होंने जननी सुरक्षा व मातृ वंदना योजना का जिला अस्पताल में जानकारी ली। इस दौरान अस्पताल के जनरल वार्डों समेत महिला वार्ड में गंदगी मिली। मरीजों ने बताया कि सही ढंग से उपचार, भोजन नहीं मिलता। अपर आयुक्त उद्योग ने पत्रकारों से रूबरू होकर बताया कि जिला अस्पताल में स्टाफ की की कमी है। उन्होंने एनआरसी वार्ड में जाकर कुपोषित बच्चों के स्वास्थ्य की जानकारी अभिभावकों से ली। बताया कि जिला अस्पताल में संसाधनों के अभाव के चलते मरीज रेफ र किए जाते हैं। जिसकी जानकारी शासन को दी जाएगी। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने बताया कि उन्हें जो अस्पताल में खामियां मिली है उसे भ्रमण बाद निरीक्षण आख्या में दर्ज कर शासन को भेजेंगी।
जांच के पूर्व की समीक्षा
चित्रकूट। इसके पूर्व जांच टीम अधिकारियों ने डाक बंगले में शिक्षा स्वास्थ्य समाज कल्याण व पेंशन आदि मामलों की समीक्षा अधिकारियों के साथ की। अब तक किए गए काम के बारे में कुछ नहीं बताया लेकिन यह जरूर कहा कि इसमें सुधार की बहुत जरूरत है। क्षेत्रों में जाकर सीएचसी व पीएचसी के साथ ही गृह शिक्षा, कस्तूरबा आंगनबाड़ी केन्द्रों का भी निरीक्षण किया। इस मौके पर सीएमओ डा. विनोद कुमार, डीआईओएस बलिराजराम, सीएमएस डा. आरके गुप्ता, डा. पीडी चौधरी, डा. रामरतन आदि मौजूद रहे।