चित्रकूट। जिले के खोही गांव के पास पशु प्रेम का अनूठा उदाहरण देखने को मिला है। यहां पर एक पालतू कुतिया जूली के पांच पिल्लों को जन्म देने पर उसके पालक ने गुरुवार को गांव में पिल्लों के बरहौं का कार्यक्रम किया। इसमें तीन गांवों के लगभग तीन हजार लोगों ने शिरकत कर नाच गाने का लुत्फ उठाया। साथ ही सभी ने एक साथ बैठकर भोजन भी ग्रहण किया। इसके लिए उसके पालक ने निमंत्रण कार्ड भी छपवाए थे।
खोही गांव के किसान मुस्तफा खां की पालतू कुतिया जूली ने पांच पिल्लों को जन्म दिया था। इस पर गांव के आरके कुरील, उमेश पटेल व रहमत अली ने पिल्लों के बरहौं पर्व मनाने के लिए कार्यक्रम का आयोजन किया। इसमें तीन गांवों के तीन हजार लोगों ने संगीत और आर्केस्टा में डांस का आनंद उठाया। गांव के उमेश यादव ने बताया कि मान्यता है कि गांव में एक बार सूखा पडा था और फसलें नष्ट हो गई थी। इस पर गांव के कुत्तों ने भगवान कामदनाथ मंदिर व पर्वत का पूजन किया था, जिससे यह संकट दूर हुआ था। तब से ही पूरे गांव के लोगों में कुत्तों के प्रति स्नेह बढ़ गया था।