चित्रकूट। भरतकूप थाना क्षेत्र के पतौड़ा के मजरा रहोनी पुरवा में शुक्रवार को हुए वज्रपात ने दो परिवारों को हिला दिया। इस दैवीय आपदा में दो किशोरों की जान चली गई। जबकि दो अन्य झुलस गए। जिससे उनके परिवार में शोक का माहौल है। मृतक करन अपनी दो बहनों, क्रांति और पिंकी का इकलौता भाई था। उसकी मौत के बाद बहनें गहरे सदमे में हैं और लगातार रो रही हैं। वे कह रही थीं कि अब रक्षा बंधन के त्योहार पर वे किसे राखी बांधेंगी। उन्हें भैया दूज पर भी अपने भाई की याद सताएगी। करन के पिता विष्णु यादव कहते हैं कि उनका बेटा भरतकूप के बाल कृष्ण पब्लिक स्कूल में कक्षा छह में पढ़ता था। वो पढ़ने में बहुत ही तेज था। स्कूल में अवकाश न होता तो शायद उसके बेटे की जान न जाती। क्योंकि बेटा बकरी चराने न गया होता।
इसी तरह विकास तो सरकारी जूनियर स्कूल के कक्षा सात में पढ़ता था लेकिन पढ़ाई में होशियार था। वह पढ़ाई के साथ माता-पिता के कामों में हाथ बंटाता था। बिजली गिरने से चपेट में आने से विकास, करन की मौत हो गई। वहीं नीरज व सुमित झुलस गए हैं। सभी यादव बिरादरी के हैं। इनके पूरे परिवार मवेशी पालन व कृषि करता है।
मृतक के परिजनों को मिलेंगे 4-4 लाख
चित्रकूट। अपर जिलाधिकारी (एडीएम) चंद्रशेखर ने बताया कि बिजली गिरने से जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। उन्होंने बताया कि बिजली गिरने की दुर्घटनाएं दैवीय आपदा के अंतर्गत आती हैं। इसी कारण इन घटनाओं में मारे गए लोगों के परिवारों को यह मुआवजा मिलेगा। प्रत्येक मृतक के परिजन को चार लाख रुपये की राशि सीधे उनके बैंक खातों में भेजी जाएगी। इस आर्थिक सहायता के लिए बजट की मांग भेज दी गई है। बजट उपलब्ध होते ही यह राशि लाभार्थियों के खातों में हस्तांतरित कर दी जाएगी।