चित्रकूट/मानिकपुर। जिले में 36 घंटे से हो रही बारिश से मंदाकिनी नदी उफना गई। नदी का पानी रामघाट स्थित दुकानों में घुस गया। दुकानदार सामान लेकर सुरक्षित स्थानों पर जा रहे हैं। रामघाट समेत नदी किनारे के क्षेत्र में अलर्ट घोषित कर दिया गया है। उधर, मानिकपुर के बरदहा नदी का भी जलस्तर बढ़ रहा है। इससे छह से अधिक गांव का संपर्क टूट गया है। बारिश होेने से किसान खुश हैं। खेतों में धान की रोपाई शुरू कर दिया है। उधर, बारिश होने से गांव की गलियों में जगह-जगह जलभराव होने से निकलना मुश्किल हो रहा है।
जिले में दो दिन से हो रही बारिश से सूखे की संभावना कम हो गई। दिन-रात रुक-रुक कर हो रही बारिश से गर्मी से राहत मिली है। बारिश से कई गांवों में जलभराव होने से ग्रामीण परेशान हैं। गुरुवार को मंदाकिनी नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने से रामघाट स्थित दुकानों में पानी घुस गया। सुरक्षा के लिए पुलिस के जवान तैनात कर दिए गए हैं। मानिकपुर क्षेत्र
के बरदहा नदी का भी जलस्तर बढ़ गया है। खोही क्षेत्र के बालापुर माफी गांव में जलभराव होने से निकलना मुश्किल हो गया है। गांव के कमलेश पटेल, अयोध्या प्रसाद, महेंद्र सिंह, सुशील, अजय राममिलन, राजा नत्थू प्रसाद ने बताया कि सड़क पर जलभराव होने से यहां के लोग घरों में कैद हो गए हैं।
हालांकि बारिश होेने से किसान खुश हैं। खेतों में धान की रोपाई शुरू कर दिया है। राजेश द्विवेदी, महेश लाल वर्मा, करन पटेल ने बताया कि मौसम मेहरबान हो गया है। इससे खरीफ की बुआई में तेजी आ गई है। गनीवा के कृषि वैज्ञानिक डॉ. मनोज शर्मा ने किसानों को सलाह दी है कि दलहनी फसलों में जलनिकासी की उचित व्यवस्था करें। धान की रोपाई जल्द से जल्द करें।
एसडीएम ने किया निरीक्षण
मानिकपुर। एसडीएम प्रमेश कुमार श्रीवास्तव और तहसीलदार राजेश कुमार ने बरदहा नदी, राघव जल प्रपात, का निरीक्षण किया। उन्होेंने बरदहा नदी के पास बसे ग्रामीणों से कहा कि बरदहा नदी के पास न जाएं। दूसरे रास्ते से आवागमन करें।
गिर रहे कच्चे घर
चित्रकूट। बारिश से कच्चे घर भी गिर रहे है। राजापुर क्षेत्र के रगौली में लवलेश पांडेय का कच्चा घर गिर गया। इसी तरह से राजापुर कस्बे के कारखाना मोहल्ले के रमेश अहिरवार, मानिकपुर क्षेत्र के बहिलपुरवा गांव में राजेश कोल, मोहनलाल सहित भरतकूप क्षेत्र मेें गांवों में कच्चे घर गिरने से गृहस्थी खराब हो गई है।
बारिश से कई लोगों के घर गिरे
राजापुर। तीन दिन से हो रही बारिश से कस्बे सहित ग्रामीण इलाकों में पानी लबालब भर गया। कच्चे मकानों में पानी भरने से लोग परेशान हैं। कई घर जमींदोज हो गए हैं। कस्बे के कारखाना मोहल्ला निवासी रमेेश अहिरवार ने बताया कि उनका परिवार कच्चे मकान में रहता है। रात में हुई तेज बारिश से घर गिर गया है। गृहस्थी बर्बाद हो गई। वार्ड-12 की सोनिया देवी ने बताया कि बारिश का पानी घर में भरने से गृहस्थी का सारा सामान नष्ट हो गया है। मिठाई लाल सोनकर ने बताया कि नगर पंचायत से पानी निकासी की कोई व्यवस्था न होने के चलते कई कच्चे मकान की दीवारें धराशाई हो गई हैं। संवाद
पर्यटकों को नदी किनारे न जाने की सलाह
खोही। मप्र क्षेत्र से लेकर पहाड़ों की ओर हो रही बारिश का असर गुरुवार की शाम को रामघाट पर देखने को मिला। मंदाकिनी नदी का जलस्तर बहुत बढ़ गया और कई दुकानों के अंदर पानी घुस गया है। रामघाट पर नदी का पानी खतरे के निशान से महज दो फुट कम रह गया है। इसे लेकर आसपास के क्षेत्र में अफरातफरी मची है। जिला प्रशासन ने माइक से पर्यटकों को नदी किनारे न जाने के निर्देश दिए हैं।
बांधों से पानी हो रहा लीक
मानिकपुर। क्षेत्र में पहाड़ों व जंगल में बहने वाले पानी रोकने के लिए डोड़ामाफी बांध पनहाई बांधों में पानी लीकेज होने से बरसात में एकत्र पानी बह जाता है। उंचाडीह गांव के मानवेंद्र सिंह, रानीपुर गांव के राजनारायण आदि का कहना कि इन दिनों पनहाई बांध की हालत खस्ता है। छेरिया गांव के पास स्थित बरदहा बांध से भी पानी बहता है। सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता बीबी सिंह ने बताया कि बांधों की मरम्मत कराई जा रही है। संवाद
Mandakini water entered the shops of Ramghat- फोटो : CHITRAKOOT
Mandakini water entered the shops of Ramghat- फोटो : CHITRAKOOT
फोटो नंबर-6- लगातार तीसरे दिन जिले में रिमझिम बारिश से मंदाकिनी नदी का बढ़ा जलस्तर। संवाद- फोटो : CHITRAKOOT