जिले में 1262 परिषदीय स्कूल संचालित, प्रति विद्यालय 12 सौ रुपये आवंटित
संवाद न्यूज एजेंसी
चित्रकूट। राज्य परियोजना निदेशक के परिषदीय स्कूलों में खेल महोत्सव के लिए 300 और वार्षिकोत्सव के लिए 1200 प्रति विद्यालय आवंटित किए जाने के आदेश ने शिक्षकों में चिंता बढ़ा दी है। ऐसे में सवाल यह है कि इतनी कम धनराशि में ये आयोजनों कैसे संपन्न कराना संभव है। अगर वो निर्देशों का पालन नहीं करते हैं तो उन पर कार्रवाई भी हो सकती है। वहीं, शिक्षक संगठनों ने तीन सौ रुपये में खेल महोत्सव कैसे कराएं। ।
जिले में 1262 परिषदीय व चार कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय संचालित हैं। जिले के परिषदीय स्कूलों में 12 सौ रुपये प्रति विद्यालय के हिसाब से 1262 विद्यालयों में वार्षिकोत्सव के आयोजन के लिए 1514400 रुपये बजट आवंटित किया है। इसी प्रकार जिले के सभी चार कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय में वार्षिकोत्सव के लिए 4800 रुपये आवंटित हुए हैं। ऐसे में वार्षिकोत्सव के लिए 1519200 रुपये निर्धारित किया है। वहीं प्रति विद्यालय तीन सौ रुपये के हिसाब से परिषदीय स्कूलों में खेल महोत्सव के लिए 378600 रुपये और चार कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय के लिए 1200 रुपये निर्धारित हैं। इस प्रकार खेल महोत्सव के लिए 379800 रुपये आवंटित हुए हैं। यह आयोजन सभी विद्यालयों में 31 जनवरी तक करवाना अनिवार्य है। उधर, उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष ओम प्रकाश ने भी शासन से आवंटित बजट से खेलकूद व वार्षिकोत्सव के आयोजन पर सवाल खड़े किए हैं। बताया कि जितनी राशि मिलती है, उतने में आयोजन करवाना असंभव है। इतनी महंगाई है, लेकिन कुछ किया नहीं जा सकता है। हम सभी शिक्षक आपस में चंदा करके कार्यक्रम का आयोजन करते हैं। ढाई हजार रुपये में तो टेंट ही लग पाता है। क्योंकि सर्दियों का समय है तो जमीन पर कारपेट बिछाने के अलावा ऊपर कवर भी लगवाना पड़ता है। पुरस्कार में शील्ड के बजाय सिर्फ प्रमाण पत्र देकर काम चलाया जाता है।
ऐसे रहेगी आयोजन की रूपरेखा
राज्य परियोजना निदेशक के आयोजन के लिए रूपरेखा तैयार कर दी है। आदेश में कहा कि खेलकूद महोत्सव के लिए सामग्री व्यवस्था व दौड़ प्रतियोगिता के लिए ट्रैक बनाने लिए कम्युनिटी मोबलाइजेशन मद से प्रति विद्यालय तीन सौ रुपये खर्च किया जाएगा। खेलकूद विजेता विद्यार्थियों को पुरस्कार (प्रत्येक कक्षा के लिए प्रथम, द्वितीय व तृतीय पुरस्कार) दिया जाएगा। वहीं वार्षिकोत्सव के आयोजन के लिए विद्यालय की साज-सज्जा, टेंट, कुर्सियां, दरी, पुरस्कार व सभी अभिभावकों के जलपान की व्यवस्था के लिए एसएमसी ट्रेनिंग मद से 12 सौ रुपये प्रति विद्यालय खर्च किया जाएगा। वार्षिकोत्सव में सभी विद्यार्थियों के अभिभावक आमंत्रित किए जाएंगे। सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। साथ ही नामांकित बच्चों में से सर्वाधिक उपस्थिति वाले बच्चों को सम्मानित किया जाएगा। सांस्कृतिक कार्यक्रमों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया जाएगा। कक्षा में सर्वाधिक उपस्थिति वाले विद्यार्थियों को पुरस्कार (प्रत्येक कक्षा में प्रथम, द्वितीय व तृतीय पुरस्कार) दिया जाएगा। सभी प्रतियोगिताओं, पुरस्कार सम्मान समारोह व गतिविधियों की फोटो व वीडियोग्राफी करवाई जाएगी।