इस दौरान कृषि क्षेत्र में, मत्स्य में आठ और पशुपालन में भी आठ
किसानों को उत्कर्ष कार्य करने के लिए सम्मानित किया गया। इनमें प्रथम
स्थान रहे सोलह किसानों को सात हजार रुपये और दूसरे स्थान पर रहे सोलह
किसानों को पांच हजार व प्रशस्ति पत्र दिए गए। सीडीओ एमए अहसन ने सम्मानित
किसानों को बधाई दी।
उपकृषि निदेशक जगदीश नारायण ने कहा कि किसान विभाग की
योजनाओं का फायदा उठाएं। जिला उद्यान अधिकारी राकेश कुमार ने कहा कि जिले
में सूखा होने के बाद भी यहां के किसान बागवानी में अपना भाग्य आजमाते हुए
मेहनत कर रहे हैं। जिसका रिजल्ट भी अच्छा आ रहा है।
मुख्य पशु
चिकित्साधिकारी डा. एनके गहलोत ने किसानों को पशुओं में होने वाले रोगों से
बचाने की जानकारी दी। भू सरंक्षण अधिकारी वीरेंद्र कुमार ने किसानों को
मृदा संबंधित जानकारी दी। कार्यक्रम संचालन प्रगतिशील किसान शिवकुमार
शुक्ला ने किया।
भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष ने कहा कि दैवी आपदा से
पीड़ित किसानों को मुआवजा नहीं मिल रहा है और अन्ना जानवारों से किसान
परेशान है। उन्होंने बताया कि बिजली की समस्या को भी लेकर भी किसान परेशान
है। इस मौके पर शैलेंद्र सिंह, नीलकंठ द्विवेदी, शिवदयाल सिंह, जिला पंचायत
सदस्य निर्मला, उदय नारायण सिंह आदि मौजूद रहे।
उधर राष्ट्रीय लोकदल के
जिला कार्यालय में भी किसान दिवस मनाया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते
हुए जिलाअध्यक्ष राजप्रताप आनंद ने कहा कि चौधरी चरण सिंह ने गांव के गरीब
किसान के उत्थान की परिकल्पना की थी। इस मौके पर मनोज कुमार, कौशल पांडेय,
करन, राजेश गुप्ता, धर्मराज सिंह, रामसिया खंगार आदि मौजूद रहे।