चित्रकूट/खोही। यूरिया की किल्लत के चलते भीषण ठंड में भी किसान केंद्रों पर सुबह ही पहुंच जाते हैं। महिलाएं भी बच्चों के साथ मौजूद रहती हैं। किसानों का कहना कि समय से खाद नहीं मिलने से फसल खराब हो रही है।
जिले में वितरण के लिए 39 केंद्र खुले हैं, लेकिन यहां यूरिया की किल्लत है। खाद लेेने के लिए किसान केंद्रों के चक्कर लगा रहे हैं। बुधवार को सुबह पांच बजे से ही खोही केंद्र और महिलाएं बच्चे लेने पहुंच गए। किसान राजेश्वर प्रसाद ने बताया कि यूरिया लेने के लिए केंद्रों के चक्कर लगा रहे है। ठंड के कारण समस्या हो रही है। महिला किसानों को भी मजबूरी में लाइन लगानी पड़ती है।
किहुंनिया के किसान राजू द्विवेदी ने बताया कि खाद लेने के लिए केंद्र के चार दिन चक्कर लगाने के बाद मुश्किल से दो बोरी यूरिया मिली। खोह गांव के महेश प्रसाद व मानिकपुर के किसान पप्पू प्रसाद ने बताया कि गेहूं की फसल की बुआई के बाद एक माह बाद यूरिया की खाद डालना पड़ता है, लेकिन खाद नहीं मिलने से फसल प्रभावित हो रही हैं। सहकारिता विभाग के जिला सहायक आयुक्त आरके शुक्ला ने बताया कि दो दिन के अंदर नई रैक आने वाली है।