मुख्यालय के विद्युत विभाग कार्यालय में अधिकारियों के साथ बैठक करते मुख्य अभियंता अखिल श्रीवास्तव
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सपा सदर विधायक और विद्युत विभाग के एसडीओ के बीच हुई मारपीट का मामला दूसरे दिन भी गर्म रहा। विधायक पक्ष की ओर से भी एसडीओ व लिपिक पर मारपीट के साथ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज हो गई है। पुलिस ने दोनों पक्षों के घायलों का डाक्टरी परीक्षण कराया।
वहीं विद्युत विभाग के मुख्य अभियंता ने मुख्यालय में अधिकारी- कर्मचारियों के साथ बैठक कर 48 घंटे के अंदर पुलिस से कार्रवाई कराने की मांग की है। आंदोलन की चेतावनी दी गई।
गुरुवार की दोपहर को सदर विधायक वीर सिंह पटेल अपने समर्थकों और शासकीय अधिवक्ता अशोक गुप्ता के साथ खोह स्थित स्कूल भवन के पास एचटी लाइन को हटाने का इस्टीमेट को लेकर एसडीओ कार्यालय पहुंचे थे। वहां दोनों पक्षों के बीच कहासुनी के बाद मारपीट हो गई।
गुरुवार को विद्युत विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों ने विधायक समेत चार के खिलाफ रिपोर्ट कराई थी। इसके बाद शुक्रवार को विधायक के साथ आरोपी पवन पटेल की तहरीर पर एसडीओ आशीष कुमार और लिपिक एहसान पर मारपीट और भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कर जांच सीओ सिटी को दी गई है
इसके बाद कोतवाली पुलिस ने एसडीओ, लिपिक और पवन पटेल का अलग-अलग जिला अस्पताल में मेडिकल परीक्षण कराया। कोतवाल सत्यपाल सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों से रिपोर्ट दर्ज है और कानूनी प्रक्रिया के तहत ही कार्रवाई की जा रही है।
विद्युत विभाग के मुख्य अभियंता बांदा अखिल श्रीवास्तव शुक्रवार को मुख्यालय आए। धुस मैदान के पास स्थित विभागीय कार्यालय में मौजूद कर्मचारियों से बातचीत कर घटना की जानकारी ली। इसके बाद पत्रकारों से बताया कि आरोपी विधायक समेत अन्य पर दर्ज धाराओं के तहत कार्रवाई न की गई तो 48 घंटे बाद आंदोलन किया जाएगा। पूरे जिले की आपूर्ति बंद करने का सवाल पर मुख्य अभियंता ने कहा कि किसी के साथ घटना होती है तो आक्रोश रहता है। पूरे जिले की आपूर्ति बंद करना तो गलत था। लेकिन जल्द ही उसे चालू करा दिया गया था।