ट्रांसपोर्ट व्यवसायी पर वाणिज्यकर विभाग के अधिकारी द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद व्यापार संगठन के पदाधिकारियों का आक्रोश बढ़ गया है। व्यापारी नेताओं ने वाणिज्यकर अधिकारियों पर फर्जी मामला दर्ज कराने का आरोप लगाते हुए कोतवाली में तहरीर दी है। व्यापारियों ने एसपी को भी ज्ञापन सौंपा।
मामला मुख्यालय के एक ट्रांसपोर्ट व्यापारी से जुड़ा है। व्यापारी ने आरोप लगाया कि जांच के नाम पर वाणिज्यकर विभाग के सचल दल ने सभी कागजात होने के बावजूद उनके ट्रक पर लाखों रुपये का टैक्स बना दिया और कोतवाली में मामला दर्ज करा दिया। जांच टीम ने उनके कर्मचारियों के साथ अभद्रता भी की।
गुरुवार को उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी नीलम अहलावत को ज्ञापन देकर मामले की जानकारी दी थी। शुक्रवार को व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष पंकज अग्रवाल के नेतृत्व में एक दर्जन पदाधिकारियों ने पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपा।
व्यापारियों ने कहा कि वाणिज्य कर की सचल टीम ने जो दबाव बनाकर रिपोर्ट दर्ज कराई है, वह गलत है। आरोप है कि जांच टीम के कुछ सदस्य व्यापारी से रिश्वत की मांग भी कर रहे थे। उन्होंने आरोपी टीम के खिलाफ मामला दर्ज कराने की मांग की। पुलिस अधीक्षक केके चौधरी ने कहा कि मामले की जांच कराई जाएगी।
इसके पहले व्यापारी की तहरीर पर भी वाणिज्य कर की सचल टीम के खिलाफ मामला दर्ज होगा। इस मौके पर ओम केशरवानी, गोलू गुप्ता, राहुल गुप्ता, अंकित पहारिया, धर्मचंद्र, बसंत कुमार, हरिओम व कक्कू अग्रवाल आदि मौजूद रहे।