डोडामाफी गांव में घटना की पूछतांछ करते पुलिस अधीक्षक केके चौधरी।
- फोटो : amarujala
ढाई लाख के ईनामी डाकू बबुली कोल गैंग ने बुधवार सुबह डोडामाफी गांव में एक किसान को गोलियों से भून दिया। इसके बाद गैंग हवाई फायरिंग करते हुए आराम से जंगल की ओर भाग निकला। घटना की जानकारी होते ही एसपी समेत भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा और जंगलों में सर्च ऑपरेशन शुरू किया। उधर, पूरे गांव में भय का माहौल है। गैंग ने मंगलवार रात को डीजल वाहन पर भी फायरिंग कर शीशे तोड़ दिए। वाहन में बैठे लोग किसी तरह जान बचाकर भागने में सफल हुए।
मारकुंडी थानाक्षेत्र के डोडा माफी गांव के किसान रामकरण यादव (26) पुत्र ददोली बुधवार सुबह करीब छह बजे पिता की श्राद्ध के लिए दूध लेनेे घर से निकला। जैसे ही वह देवीदीन का पुरवा के पास पहुंचा, तभी सड़क के दोनाें ओर से डाकू बबुली कोल गैंग आ धमका। डाकुओं को देखकर रामकरण ने भागने का प्रयास किया लेकिन वह सफल नहीं हुआ। रामकरण के भाई राकेश ने बताया कि पहले डाकू लवलेश कोल ने उसके भाई को पकड़ा और लगभग डेढ़ सौ मीटर दूर ले जाकर दीवार के पास खड़ा कर दिया और राइफल से ताबड़तोड़ तीन गोलियां रामकरण पर दाग दीं। मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
गोलियों की आवाज सुनकर घरों के बाहर मौजूद ग्रामीण अंदर दुबक गए और फिर गैंग हवाई फायरिंग करता हुआ आराम से जंगल की ओर भाग निकला। घटना की जानकारी होते ही एसपी केके चौधरी और थानाध्यक्ष वीरेंद्र त्रिपाठी भारी पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे। आधे घंटे की पूछताछ के बाद डकैतों की तलाश में सर्च ऑपरेशन शुरू किया।
एसपी ने बताया कि हत्या के पीछे कारण क्या हैं, इसकी अभी सही जानकारी नहीं हुई है।
मृतक के परिवार की गांव के ही एक परिवार से पुरानी रंजिश बताई जा रही है। मृतक के भाई राकेश की तहरीर पर डाकू बबुली कोल, लवलेश समेत 12 के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। कुछ ग्रामीणों ने दबी जुबान में बताया कि गैंग रात से ही गांव के आसपास मौजूद था। देर रात को मोबाइल टावर आए डीजल लदे वाहन पर भी गोलियां चलाई गई थीं, लेकिन वाहन के केवल शीशे टूटे थे और चालक किसी तरह भागने में सफल रहा था।