06 सीकेटीपी-11-दुकान में खरीदारी करती महिलाएं। संवाद
चित्रकूट। सोना-चांदी महंगा होने से आर्टिफिशियल ज्वैलरी का कारोबार बढ़ रहा है। महिलाएं खरीदारी करने के लिए दुकानों में पहुंच रही हैं। इससे दुकानों में रौनक आ गई है। इसको देखते हुए दुकानदारों ने एक से बढ़कर एक डिजाइन के आर्टिफिशियल ज्वैलरी का स्टॉक रखे हुए हैं।
वैवाहिक कार्यक्रम की शुरुआत होते ही सजने संवरने के लिए महिलाएं आर्टिफिशियल ज्वैलरी इस समय खरीद रही हैं। महिलाओं का कहना कि सोना-चांदी इतना महंगा है कि उनके पास इतना बजट नहीं है। कम धनराशि में आर्टिफिशियल ज्वैलरी के कई आइटम बाजार में मिल जाते हैं। दुकानदार राजेश अग्रवाल ने बताया कि पिछले साल की अपेक्षा महिलाएं आर्टिफिशियल ज्वैलरी ज्यादा खरीद रही हैं। इसको देखते हुए दुकानदारों ने शहरों से ज्वेलरी का स्टॉक पहले से जमा कर लिया है।
बताया कि महिलाएं हार से लेकर मंगलसूत्र, बिंदिया, चेन, कड़े सहित अन्य ज्वैलरी की खरीददारी कर रही हैं। बताया कि 30 हजार तक में ज्वैलरी के कई आइटम मिल जाते हैं। इससे मध्यम वर्ग की महिलाएं आसानी से इनको खरीद लेती हैं। सगवारा गांव की रानी देवी, पूनम ने बताया कि उसकी भतीजी की शादी 10 फरवरी को होनी है। इसके लिए उसने आर्टिफिशियल ज्वैलरी की खरीदारी की है। बताया कि 10 हजार में उसने चार आइटम खरीदे हैं।
सोनी देवी ने बताया कि वैवाहिक कार्यक्रम में जेवरात पहनने की परंपरा है। इसको देखते हुए महिलाएं आर्टिफिशियल ज्वैलरी खरीद रही हैं। दुकानदार राकेश सोनी ने बताया कि दो साल पहले शहर में सात ही दुकानें थी।इस समय 20 से अधिक दुकानें खुल गई हैं। बड़ी दुकानों में एक दिन में इस समय 30 हजार से अधिक की बिक्री हो रही है। जब कि छोटी दुकानों में 10 हजार रुपये की बिक्री हो रही है।