मुगलसराय रेलवे स्टेशन पर पहुंचे बाबा धाम जा रहे कांवरिये।
सावन मास की शुरूआत बीस जुलाई से हो रही है। पहले दिन भगवान भोलेनाथ को जलाभिषेक करने के लिए भक्त उत्साहित हैं और बारह ज्योर्तिलिंगों में एक बाबा वैद्यनाथ के जलाभिषेक के लिए कांवरियों का जाना शुरू हो गया है। बिहार से सटे होने की वजह से पूरे पूर्वांचल से बड़ी संख्या में भक्त बाबा धाम के लिए रवाना होते हैं। ऐसे में रेलवे स्टेशन पर केशरिया वस्त्र धारी कावंडिये दिखने लगे हैं। कांवड़ियों के जयकारे से स्टेशन गूंजायमान हो रहा है।
सावन माह को भगवान शिव का प्रिय माना जाता है। ऐसे में सावन माह में जलाभिषेक के लिए शिवालयों में भक्तों की भीड़ जुटती है। विशेष कर नदियों से कांवड़ में जल लेकर भक्त बोल बम बोलते हुए शिवालयों में पहुंच कर जलाभिषेक करते हैं। जिले में सकलडीहा स्थित बाबा कालेश्वरनाथ, शिकारगंज स्थित बाबा जागेश्वरनाथ धाम में भक्तों का रेला उमड़ता है, इसके अलावा बड़ी संख्या में भक्त वाराणसी पहुंच कर काशी विश्वनाथ का जलाभिषेक करते हैं। वहीं हजारों की संख्या में कांवड़ लेकर भक्त झारखंड के सुल्तान गंज पहुंचते हैं और यहां से जल लेकर 105 किलोमीटर पैदल कर बाबा वैद्यनाथ धाम पहुंच कर जलाभिषेक करते हैं। सुल्तानगंज जाने के लिए चंदौली जनपद ही नहीं आस पास के जनपदों के कावंडियां ट्रेन पकड़ने के लिए मुगलसराय पहुंचते हैं। सावन के पहले सप्ताह में जलाभिषेक के लिए कावंडियों के जाने का सिलसिला शुरू हो गया है। ऐसे में सुबह से ही रेलवे स्टेशन पर बोलबम करते हुए केशरिया वस्त्र धारी कांवरिये दिख रहे हैं। बिहार की तरफ जाने वाला शायद ही कोई ट्रेन दिख रहा हो जिसमें कांवड़िये न सवार हों। वहीं स्टेशन पर भी जहां तहां कावंड़िये बैठ कर ट्रेन का इंतजार करते दिख रहे हैँ। इस संबंध में जीआरपी प्रभारी त्रिपुरारी पांडेय ने बताया कि स्टेशन पर कावंडियों की संख्या बढ़ी है और सुरक्षा के मद्देनजर सतर्कता बरती जा रही है।