डीजल और पेट्रोल पर प्रदेश सरकार के वैट बढ़ाने के विरोध में ट्रांसपोर्ट और टैंकर यूनियनों के सदस्य मंगलवार को हड़ताल पर रहे।
इससे
डिपो से पेट्रोलियम पदार्थों की निकासी नहीं हो सकी।
इस दौरान टैंकर्स व
ट्रांसपोर्ट यूनियन ने अलीनगर स्थित डिपो गेट पर प्रदेश सरकार के खिलाफ
जमकर नारेबाजी की और वैट वापस लेने की मांग की।
चेतावनी दी कि यदि मांग
पूरी नहीं हुई तो फिर से व्यापक आंदोलन किया जाएगा।
इस मौके पर टैंकर
परिवहन यूनियन वाराणसी मंडल के अध्यक्ष इस्तखार भाई ने कहा कि इंडियन आयल,
भारत पेट्रोलियम और हिन्दुस्तान पेट्रोलियम आदि कंपनियां टैंकर के भाड़े
में कटौती कर लेती हैं।
इससे ट्रांसपोर्टरों का नुकसान होता है। इस संबंध
में अधिकारियों के यहां भी इसकी सुनवाई नहीं होती है। वहीं टोल टैक्स वसूली
केंद्र पर टोकन कटाने के बाद निर्धारित समय से लौटने में यदि एक घंटे की
भी देरी हुई तो टैक्स की रसीद दुबारा कटानी पड़ती है।
एसोसिएशन के
उपाध्यक्ष मुहम्मद यासीन ने कहा कि प्रदेश सरकार ने पड़ोसी राज्यों से अधिक
वैट पेट्रोलियम पदार्थों पर लगा दिया है। इससे पेट्रोल-डीजल महंगा हो गाया
है।
कहा कि पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, बिहार आदि राज्यों में यहां के
मुकाबले पेट्रोल और डीजल सस्ता है।
प्रदेश सरकार पेट्रोल पर 17
रुपये
66 पैसे और डीजल पर नौ रुपये 41 पैसे के दर से वैट वसूल रही है। ऐसे में
लंबी दूरी तय करने वाले वाहन दूसरे राज्यों से ही तेल लेते हैं। इससे यूपी
में तेल की खपत कम होती है।
डीलरों के यहां तेल खप नहीं रहा है और
ट्रांसपोर्टरों को भाड़ा पूरा नहीं मिल रहा है। अब वैट बढ़ाने से कीमत बढ़
जाएगी।
इस दौरान मधु राय, रुस्तम अली, जवाहिर यादव, रिजवान अहमद,
अफरोज, काशीनाथ सिंह, मुहम्मद सलीम, अजय, शाहिद खान के साथ ही काफी संख्या
में लोगों की मौजूदगी रही।