एसपी आदित्य लांग्हे ने पशु तस्करी में लिप्ट सैयदराजा और चकरघट्टा थाने के दो सिपाहियों को बृहस्पतिवार को निलंबित कर दिया। वहीं सैयदराजा थाने में दोनो के खिलाफ भ्रष्टाचार में मुकदमा भी दर्ज कराया गया। एसपी को लगातार चकरघट्टा थाना में डायल 112 में तैनात सतेन्द्र यादव और सैयदराजा थाने पर तैनात आरक्षी अजय पटेल की पशु तस्करी में संलिप्तता की जानकारी मिल रही थी।
जिसके बाद उन्होंने जांच करवाई और प्राथमिक जांच में दोनो दोषी पाए गए। एसपी आदित्य लांग्हे को इस बात की शिकायत मिली थी कि चकरघट्टा थाने और सैयदराजा थाने के दो सिपाही पशु तस्करी के मामले में शामिल हैं। जब एसपी ने उनके क्रियाकलापों की जांच कराई गई तो दोनों के खिलाफ आरोप सही पाए गए।
इसके बाद पुलिस अधीक्षक में तत्काल प्रभाव से दोनों को निलंबित कर दिया है और उनके खिलाफ सैयदराजा थाने में मुकदमा दर्ज करके कार्यवाही करने का शुरू करने का आदेश दिया है। एसपी कार्यालय से जारी जानकारी में बताया गया है कि थाना सैयदराजा से सम्बन्धित गौ-तस्करी का प्रकरण संज्ञान में आया था, जिसमें प्रारम्भिक जांच कराई गई।
जांच के दौरान प्रथम दृष्टया दो सतेन्द्र यादव, और अजय पटेल को दोषी पाया गया है। दोषी पाये गये दोनो आरक्षीयों को तत्काल प्रभाव से निलम्बित करते हुए इनके विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया गया है।
दो सिपाहियों को निलंबित किया गया है। उनके खिलाफ मुकदमा भी दर्ज कराया गया है। भ्रष्टाचार और अवैध कार्यों में संलिप्त पुलिसकर्मियों और अधिकारियों को किसी भी हाल में छोड़ा नहीं जाएगा। उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।-
आदित्य लांग्हे, एसपी, चंदौली
छह महीने पहले भी पशु तस्करी मामले में दो सिपाहियों को किया था निलंबित
पशु तस्करी मामले में ही एसपी आदित्य लांग्हे ने छह महीने पहले 24 नवंबर को दो सिपाहियों को निलंबित किया था। अलीनगर थाना के भूपौली चौकी पर नियुक्त मुख्य आरक्षी विनय कुमार द्विवेदी और आरक्षी राहुल कुमार पर पशु तस्करों से साठगांठ के आरोप लगे थे।
21 नवंबर को चौकी पर लाए गए तस्करों के वाहन के वैध कागजात न होने पर भी इन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की थी।अलीनगर थाना क्षेत्र के भूपौली चौकी पर तैनात दोनों पुलिसकर्मियों ने 21 नवंबर को मवेशी लदा वाहन पकड़ा था और उसे चौकी लाए थे। वाहन के कोई वैध दस्तावेज नहीं थे। इसके बावजूद उन्होंने तस्करों को अनुचित लाभ देते हुए वाहन को छोड़ दिया था। जिसके बाद एसपी ने त्वरित कार्रवाई की।