रोक के बावजूद जिले में चाइनीज मंझा चोरी छिपे बिक रहा है।
यह अलग
बात है कि खुलेआम न बेचकर मांगने के बाद वे इसे दे रहे हैं। वहीं
मकरसंक्रांति नजदीक आते ही पतंग की बिक्री तेज हो गई है। बाजार में पतंग,
मंझा, तांत, परेता आदि की बिक्री तेज हो गई है। पतंग की दुकानों पर लोगों
की भीड़ जुट रही है।
एक माह पहले से ही बच्चे पतंग खरीद कर पतंगबाजी का
आनंद लेते रहते हैं।
आसमान में रंग बिरंगे पतंगे दिख रही हैं वहीं गलियों,
चौराहों पर बच्चे भक्काटा का शोर मचा रहे हैं। जैसे जैसे मकरसंक्रांति
नजदीक आ रही है पतंगों की दुकान पर तरह तरह की वैरायटी दिखने लगी है।
इस
वर्ष पतंग की कीमत कुछ बढ़ी है लेकिन युवाओं के उत्साह में कमी नहीं आयी
है। पिछले दिनों प्रशासन ने चाइनीज मंझों पर रोक लगा दी थी। इसके बाद से
बाजार में चाइनीज मंझे गायब हुए हैं, लेकिन दूकानों पर अभी भी चोरी छिपे
मंझे बिक रहे हैं। हालांकि जिले में अब तक चाइनीज मंझों से कोई दुर्घटना
नहीं हुई है लेकिन प्रशासन इस पर नजर रखे हुए है।
बावजूद इसके युवाओं की
पहली पसंद चायनीज मंझा ही है। बाजार में खुले में मोटा और पतला मंझा बिक
रहा है। इसकी कीमत क्रमश: पांच सौ और छह सौ रुपये है। चाइनीज मांझा चोरी
छिपे एक से डेढ़ हजार रुपये अंटा बिक रहा है। बाजार में पतंग एक रुपये से
सात रुपये तक मिल रही है।
इसमें भी बेन टेन, छोटा भीम, ऐश्वर्य राय, सनी
लियोनी, कंगना, ऋतिक रौशन के चित्र वाली पतंग के साथ प्रधानमंत्री नरेन्द्र
मोदी, सचिन तेंदुलकर के फोटो वाली पतंग लोगों की पसंद हैं। बाजार में तांत
दस से सौ रुपये तक मिल रहा है। इस संबंध में एसपी अमित वर्मा ने बताया कि
चाइनीज मंझों की बिक्री पर पूरी तरह रोक है।