स्थानीय क्षेत्र के मारूफपुर स्थित मानव खिदमत फाउंडेशन ट्रस्ट द्वारा
संचालित मानव खिदमत अस्पताल व इंटरनेशल मिनी क्लीनिक पर सोमवार को अपर
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. एसपी सिंह ने छापा मारा व कागजातों की जांच की।
एक्सरे मशीन व अल्ट्रासाउंड मशीन का रजिस्ट्रेशन व प्रशिक्षित संचालक न होने पर उक्त मशीनों वाले कमरे को सील कर दिया ।
स्थानीय
क्षेत्र के मारूफपुर स्थित मानव खिदमत फाउंडेशन ट्रस्ट द्वारा मानव खिदमत
अस्पताल व इंटरनेशल मिनी क्लीनिक के साथ मोबाइल क्लीनिक भी संचालित की जा
रही थी।
जिसमें सभी प्रकार के रोगों की जांच व उपचार की व्यवस्था किए जाने
की व्यवस्था की बात कही जाती थी। लेकिन मानक के अनुसार कार्य न होने पर
इसकी शिकायत मिल रही थी।
जिस पर सोमवार की दोपहर अपर मुख्य चिकित्सा
अधिकारी डा. एसपी सिंह ने सहायक शोध अधिकारी बीपी सिंह, सकलडीहा
उपजिलाधिकारी जितेन्द्र मोहन सिंह, नायब तहसीलदार भरत लाल श्रीवास्तव
मारूफपुर चौकी इंचार्ज रामनरेश उपाध्याय के साथ अचानक अस्पताल पर पहुंच कर
छापा मारी की।
बता दें कि विगत कई वर्षों से एनजीओ के तहत अमेरिकी सहायता से
मारूफपुर में अस्पताल का संचालन हो रहा था। जिसमें मात्र एक डाक्टर बीएएम
एस एम ओ व दर्जनों अप्रशिक्षित कर्मचरियों के द्वारा इलाज कराया जाता है ।
वहीं इस संस्था कोे अमेरिका से वर्ष 2010 में 6571000 रुपये वित्तीय सहायता
प्राप्त हुई।
मार्च 2011 में 7360000 रुपए, मार्च 2012 में 7453000 रुपये
उसके बाद से वर्ष 2013 व 2014 का लेखा जोखा का कोई हिसाब नहीं मिला ।
वहीं
लेखा-जोखा के लिए अस्पताल संचालक डा. अबूल सरह को नोटिस जारी किया तथा
एक्सरे मशीन व अल्ट्रासाउंड मशीन का रजिस्ट्रेशन न होने के कारण तथा कोई
प्रशिक्षित संचालक न होने से उक्त मशीनों को सील कर दिया । इस संबंध
में अपर चिकित्साधिकारी डा. एसपी. सिंह ने बताया कि अल्ट्रासाउंड व एक्सरे
मशीन को सील कर दिया गया है ।