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ऑक्सीजन उत्पादन केंद्र का भवन तैयार, जनरेटिंग मशीन का इंतजार

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चकिया। जिले में बढ़ते कोरोना संक्रमितों की संख्या की वजह से जिला संयुक्त चिकित्सालय को कोविड अस्पताल के रूप में परिवर्तित कर दिया है। पहले एल-2 हास्पिटल घोषित होने के साथ ही जिला संयुक्त चिकित्सालय में ऑक्सीजन उत्पादन केन्द्र के स्थापना की योजना बनी थी। जिसके लिए 7.8 लाख की लागत से ऑक्सीजन कक्ष का निर्माण जनवरी माह में ही पूरा हो गया। बावजूद इसके अब तक आक्सीजन जनरेटिंग मशीन न लग सकी है। लापरवाही का यह आलम तब है जब कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर में आक्सीजन की सबसे अधिक जरूरत है। कोविड-19 और ऐसे किसी आपदा से निबटने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय भारत सरकार की ओर से जिला संयुक्त चिकित्सालय में ऑक्सीजन उत्पादन केन्द्र की स्थापना की कवायद जनवरी माह में ही आरम्भ कर दी गयी थी। लेकिन पिछले चार माह में सिर्फ आक्सीजन उत्पादन केन्द्र के भवन का ही निर्माण किया जा सका है। अभी तक ऑक्सीजन उत्पादन करने वाली मशीन ने आने से यहां ऑक्सीजन का उत्पाद नहीं हो पा रहा है। जबकि इस समय ऑक्सीजन की बहुत जरूरत है। चकिया जिला संयुक्त चिकित्सालय को पूरी तरह से कोविड अस्पताल में परिवर्तित कर दिया गया है। जिसके चलते पूरे जिले के गम्भीर कोरोना मरीजों को इस अस्पताल में भर्ती किये जाने के निर्देश दिये गये है। जिलाधिकारी संजीव सिंह ने अस्पताल में सारी सुविधायें जुटाने के निर्देश दिये है। गम्भीर मरीजों के लिए ऑक्सीजन सबसे महत्वपूर्ण है। ऐसे में अगर इस समय ऑक्सीजन उत्पादन केंद्र शुरू हो जाता तो काफी राहत मिलती। पर अभी भी इसका कार्य अधूरा पड़ा हुआ है।
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इनसेट...
वाराणसी से मंगाये जा रहे ऑक्सीजन सिलिंडर
जिले में कोरोना के संक्रमितों की संख्या लगातार बढ़ रही है। कोविड अस्पताल बनने से यहां जिले के संक्रमित भर्ती हो रहे हैं पर आलम यह है कि अस्पताल में आने वाले मरीजों के लिए आक्सीजन के सिलिंडर बनारस से मंगवाकर रखे जा रहे हैं। ऐसे में अस्पताल में आक्सीजन उत्पादन केन्द्र बनाये जाने से समस्या का सामाधान हो सकता है। ऑक्सीजन उत्पादन केंद्र बन जाने के बाद प्रत्येक बेड तक ऑक्सीजन पहुंच जाएगा।
कोट...
अस्पताल में आक्सीजन उत्पादन केन्द्र का भवन बनकर तैयार है, लेकिन मशीन की आपूर्ति न होने से आक्सीजन उत्पादन नही हो सका है। 31 जनवरी तक ऑक्सीजन जनरेट रूम के निर्माण का समय था। जिसका निर्माण कर पत्र के माध्यम से जिला चिकित्सालय को अवगत करा दिया गया है। उसके बाद कब तक ऑक्सीजन जनरेट मशीन लगाना है। उस पत्र में इसकी जानकारी नहीं थी। डॉ. दिलशाद अली, क्वालिटी मैनेजर, जिला संयुक्त चिकित्सालय
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कोट...
ऑक्सीजन उत्पादन केंद्र के भवन बनाने का आदेश था वो जनवरी में ही बनकर तैयार हो चुका है। आगे शासन की ओर से आदेश आने और ऑक्सीजन जनरेट करने की व्यवस्था मिलने पर ही केंद्र की सेवा शुरू हो सकेगी।
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डॉ. सी.पी.कश्यप,सीएमएस, जिला संयुक्त चिकित्सालय
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