बबुरी। क्षेत्र के चनहटा निवासी और प्रतापगढ़ में तैनात रहे निरीक्षक अजय सिंह की कोरोना से हुई मौत के बाद परिवार वालों को ढांढस बंधाने का वालों का सिलसिला जारी है। रविवार को क्षत्रिय धर्म संसद काशी का प्रतिनिधि मंडल चनहटा स्थित अजय सिंह के आवास पर पहुंचा और परिवार वालों को ढांढस बंधाया। इसके बाद परिवार वालों को एक लाख रुपये की सहायता राशि सौंपी। इसी तरह प्रतापगढ़ पुलिस कर्मियों ने अपने एक दिन का वेतन अजय सिंह के नाम कर दिया। सहायता राशि 25 लाख रुपये अजय सिंह के परिवार वालों को सौंपा।
ढांढ़स दिलाने पहुंचें क्षत्रिय धर्म संसद काशी के रणविजय सिंह ने कहा कि अजय सिंह कर्तव्यनिष्ठा, ईमानदारी और बहादुरी की मिसाल रहे। उन्होंने अपनी पूरी सेवा अवधि के दौरान अद्भुत निर्भीकता का परिचय दिया। समाजसेवी सुधीर सिंह ने कहा कि उनके निधन से परिवार पर संकट का पहाड़ टूट पड़ा है। ऐसे मे हम सबका दायित्व बनता है कि उनके परिवार को संबल प्रदान करने मे अपनी भूमिका का निर्वहन करें। शिक्षाविद संदीप सिंह ने कहा कि अजय सिंह जहां भी सेवा मे रहे अपनी ईमानदारी और मिलनसार स्वभाव की अमिट छाप छोड़ी। अरविंद सिंह ने अजय सिंह के घर वालों को आश्वस्त किया है। शशि शंकर सिंह ने अजय सिंह के बच्चों की शिक्षा आदि मे आने वाली कठिनाई को निराकरण का आश्वासन दिया। इस मौके पर डॉ. संजय सिंह गौतम, सुधीर सिंह, अरविंद सिंह, राम विजय सिंह, शशिशंकर सिंह, प्रवीण सिंह, संदीप सिंह, संजीव कुमार सिंह, प्रदीप सिंह, कुश प्रताप सिंह रहे। दूसरी तरफ प्रतापगढ़ के एसपी अनुराग आर्य के नेेतृत्व में जिले के पुलिस कर्मियों ने अपने एक दिन का वेतन अजय सिंह के परिजनों को देने का निर्णय लिया। इस तरह 24.89 लाख 826 रुपये एकत्र किए। रविवार को एसआई गिरीशचंद तिवारी ने मृतक अजय सिंह की पत्नी को सहायता राशि का चेक सौंपा।