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कर्मनाशा पुल: अब सुरक्षा एक्सपर्ट की रिपोर्ट का इंतजार

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सैयदराजा। यूपी-बिहार बार्डर पर नौबतपुर में कर्मनाशा नदी पर क्षतिग्रस्त पक्के पुल की मरम्मत और उसकी लोड टेस्टिंग का काम पूरे हुए 15 दिन से अधिक हो गए मगर अब तक पुल से आवागमन चालू नहीं हो सका। पहले ओवरलोड के चलते मामला लटका था अब सुरक्षा एक्सपर्ट की रिपोर्ट का इंतजार है। इसके चलते पुल पर आवागमन शुरू नहीं हो सका है। रिपोर्ट आने में एक सप्ताह का समय लग सकता है इसके बाद ही पुल पर आवागमन चालू होने की उम्मीद है।
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पिछले साल 28 दिसंबर 2019 को ओवरलोड वाहनों के चलते पुल के पिलरों में दरार आ गई थी और पुल से आवागमन रोक दिया गया था। जिला प्रशासन ने तेजी दिखाते हुए एनएचएआई को वैकल्पिक व्यवस्था करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद नदी पर जून 2020 तक के लिए अस्थायी पुल बनाया गया। बाद में वैकल्पिक आवागमन के लिए स्टील पुल का निर्माण कराने के साथ ही ब्रिटिश काल के पुल की मरम्मत कर आवागमन शुरू कराया गया था। तब से इन्हीं पुलों पर आवागमन संचालित है। लेकिन ओवरलोड वाहनों के चलते नदी पर बना स्टील पुल भी कमजोर हो रहा है और सड़क दरक रही है। जिससे दुर्घटना की आशंका बनी हुई है। इस बीच क्षतिग्रस्त पक्के पुल की मरम्मत भी शुरू थी। नवंबर में पुल की मरम्मत के बाद लोड टेस्टिंग का काम भी पूरा कर लिया गया। इसके बाद दिल्ली से आई केंद्रीय टीम ने जांच कर इसकी रिपोर्ट अपने साथ ले गई। अब सुरक्षा एक्सपर्ट की रिपोर्ट का इंतजार है। वहां से रिपोर्ट आने के बाद ही पुल पर आवागमन शुरू होगा।
सैयदराजा। कर्मनाशा नदी पर बना पक्का पुल पिछले साल 28 दिसंबर 2019 की सुबह करीब 10 बजे क्षतिग्रस्त हो गया था। स्थानीय ग्रामीण जब नदी के किनारे खेती बारी करने के लिए पहुंचे तो पिलरों में दरार देखकर हतप्रभ रह गए। ग्रामीणों की सूचना पर सैयदराजा पुलिस मौके पर पहुंचकर वाहनों का आवागमन बंद करा दिया था। साथ ही इसकी सूचना जिला प्रशासन को दी थी। तब डीएम नवनीत सिंह चहल की पहल पर एनएचएआई ने विकल्प के तौर पर अस्थायी पुल का निर्माण शुरू कराया था।
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सैयदराजा। कर्मनाशा नदी पर बने पक्के पुल की मरम्मत के बाद ओवरलोड वाहनों पर रोक लगाने के लिए एनएचएआई के अधिकारियों ने बिहार के भभुआ जिले के डीएम और चंदौली के जिला प्रशासन से मिलकर आग्रह किया था। एनएचएआई के टेक्टिनकल मैनेजर नागेश सिंह ने कहा कि बिहार सरकार ने ओवरलोड वाहनों पर प्रतिबंध लगाने के साथ ही बालू की गाड़ियों पर माल लोडिंग की सीमा तय कर दी है। सुरक्षा एक्सपर्ट की रिपोर्ट आते ही पुल को आवागमन के लिए खोल दिया जाएगा।
कोट..
कर्मनाशा नदी पर क्षतिग्रस्त पुल की मरम्मत और लोड टेस्टिंग का काम पूरा हो चुका है। सुरक्षा एक्सपर्ट की रिपोर्ट का इंतजार है। एक सप्ताह में रिपोर्ट आने की उम्मीद है। इसके बाद पुल पर आवागमन चालू कर दिया जाएगा। नागेश सिंह, टेक्टिनकल मैनजर, एनएचएआई।
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रिपोर्ट -महताब खां राजू
संपादन- जयनरायन
बाइट-2700
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