मुगलसराय रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर दो पर लगा कूड़े का ढेर।
रेलवे बोर्ड के निर्देश पर डेढ़ माह पूर्व चलाए गए स्वच्छता जागरूकता अभियान की रेलवे के अफसरों ने हवा निकालकर रख दी है। डीआरएम किशोर कुमार ने 26 मई को जिस तरह अभियान की शुरुआत की, उससे लगा कि शीघ्र ही मुगलसराय स्टेशन स्वच्छ स्टेशनों में गिना जाने लगेगा लेकिन डेढ़ माह बीत जाने के बाद भी गंदगी में कोई सुधार नहीं है। जबकि कार्यदायी संस्था के अनुसार स्टेशन पर साफ सफाई के लिए 276 कर्मचारी रखे गए हैं।
स्टेशन पर सफाई नाम की कोई व्यवस्था नहीं दिख रही है। ट्रैकों पर फैली गंदगी जिस तरह डेढ़ माह पूर्व थी, वैसी ही मंगलवार को भी दिखी। यहां तक कि वहां सफाई कर्मी तक नहीं दिखे। जबकि आए दिन मंडल से लेकर जोनल अधिकारियों का स्टेशन पर आवागमन होता है और निरीक्षण करने के पश्चात साफ सफाई करने की हिदायत देकर वे चले जाते हैं।
जम्मूतवी जाने के लिए प्लेटफार्म संख्या तीन पर मंगलवार को अर्चना एक्सप्रेस का इंतजार कर रहे सुरोजीत ने बताया कि प्लेटफार्म पर भी चारों तरफ गंदगी है। जिससे यहां यात्रियों का बैठना मुश्किल हो रहा है।
पुरी जाने के लिए प्लेटफार्म नंबर दो पर पुरुषोत्तम एक्सप्रेस का इंतजार कर रहे विशाखापट्टनम निवासी श्रीनिवास नायक ने बताया कि विकलांगों के लिए बने रैंप के बगल की नाली से सफाई न होने से दुर्गंध से नाक पर रुमाल रखकर आगे बढ़ना पड़ा। देखकर ऐसा प्रतीत हो रहा था जैसे काफी दिनों से वहां सफाई ही नहीं हुई है। इसी प्रकार पटरियों पर भी दिख रही गंदगी से लगता है कि साफ सफाई पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।