नौगढ़। नक्सल प्रभावित झरियवां गांव के जंगल में रविवार की दोपहर वन विभाग की टीम ने वन क्षेत्र की जमीन पर कब्जा कर बनाई गईं लगभग दो दर्जन झोपड़ियों को ध्वस्त कर दिया। वन क्षेत्राधिकारी रिजवान अली खान ने कार्रवाई का विरोध कर रहे अतिक्रमणकारियों को दोबारा वन भूमि पर अतिक्रमण किए जाने पर जेल भेजने की चेतावनी भी दी। वहीं अतिक्रमण हटाने गए वनकर्मियों को वनवासी महिलाओं का विरोध भी झेलना पड़ा।
काशी वन्यजीव प्रभाग रामनगर के डीएफओ दिनेश सिंह के निर्देश पर जयमोहनी रेंज के झरियवां वन क्षेत्र में दो दर्जन से अधिक कच्ची झोपड़ियों को नौगढ़, मझगांई और जयमोहनी रेंज के वन विभाग की टीम ने हटा दिया। अतिक्रमण हटवाने गए अधिकारियों ने दोबारा अतिक्रमण करने का प्रयास करने पर वन संरक्षण अधिनियम के तहत प्रभावी कार्रवाई करने व जेल भेजने की चेतावनी दी। वन क्षेत्राधिकारी ने बताया कि काशी वन्य जीव प्रभाग के अंतर्गत जयमोहनी रेंज में आरक्षित वन भूमि पर कब्जा को लेकर अक्सर वन विभाग व वनवासी आमने- सामने होते रहते हैं। चोरमरवां बीट के भैंसौडा़ कंपार्टमेंट नंबर 16 के आरक्षित वन क्षेत्र में पौधों को काटकर कब्जा करने की सूचना मिलने पर वन क्षेत्राधिकारी मझगांई इमरान खान व अन्य वनकर्मियों के साथ कार्रवाई की गई है। अभियान में नौगढ़ थाने की पुलिस के अलावा डिप्टी रेंजर संतोष राय, वन दरोगा ओंकार नाथ शुक्ला, वीरेंद्र पांडेय, गुरुदेव यादव, आदित्य सिंह, सचिन पांडेय व अन्य वन कर्मी शामिल थे।