चंदौली। नगर के आदित्य मैटर्निटी अस्पताल में एमबीबीएस व एमडी की जाली डिग्री के सहारे ओपीडी चला रहे एक चिकित्सक को पुलिस ने रविवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने अस्पताल के संचालक को धोखे में रखकर अनुबंध कर लिया था। लेकिन जांच के बाद सच्चाई सामने आनेे के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। आरोपी की गिरफ्तारी के बाबत एएसपी दयाराम ने रविवार को पुलिस लाइन में खुलासा किया।
एएसपी ने बताया कि संजय नगर स्थित आदित्य मैटर्निटी अस्पताल में गोरखपुर के शाहपुर थाना क्षेत्र निवासी शैलेशचंद्र वर्मा चिकित्सक के तौर पर कार्य कर रहा था। वह पिछले डेढ़ माह से ओपीडी में मरीजों को देखता था। लेकिन अस्पताल के संचालक पंकज पांडेय ने सदर कोतवाली में तहरीर देकर उक्त आरोपी की डिग्री फर्जी होने का आरोप लगाया था। इस दौरान उसकी डिग्री की जांच कराई गई तो वह जाली निकली। उसकी एमबीबीएस व एमडी की डिग्री वैध नहीं है। इससे पुलिस हरकत में आ गई। शनिवार को कस्बा चौकी प्रभारी मनोज पांडेय के नेतृत्व में पुलिसकर्मियों की टीम ने निजी अस्पताल से फर्जी चिकित्सक को गिरफ्तार कर लिया। उसकी ओर से मरीजों के लिए लिखा गया पर्चा व अन्य अभिलेख जब्त किए गए हैं। बताया कि आरोपी इससे पहले गोरखपुर के खोराबाद स्थित शिवाय हास्पिटल और बिहार में रामगढ़ अस्पताल में भी उसने यही काम किया था। जाली डिग्री के सहारे दोनों अस्पतालों में डाक्टर बनकर नौकरी की थी। शैक्षणिक प्रमाण पत्रों को इस तरह से तैयार कराया था कि कोई जल्दी पकड़ न सके। पुलिस टीम में कोतवाल अशोक मिश्रा, मनोज पांडेय, विवेक त्रिपाठी, सुनील यादव, अमरचंद्र शामिल रहे।