अलीगनर थाना पुलिस और स्वाट ने रविवार को मानस नगर गेट के पास स्थित मकान की ऊपरी मंजिल पर छापा मार कर नकली नोट छापने वाले गिरोह को भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने पिता-पुत्र सहित तीन लोगों को पकड़ा है। इनमें दो किशाेर हैं। दोनों दसवीं पास हैं और मित्र हैं। पुलिस की पूछताछ में दोनों ने बताया कि उन्होंने नकली नोट छापने का तरीका यूट्यूब और गूगल पर सर्च करके सीखा था। आरोपी नौ महीने में करीब ढाई लाख के नकली नोट बाजार में खपा चुके हैं। 3500 के नकली नोट के बदले में 1000 रुपये के असली नोट लेते थे। पुलिस प्राथमिकी दर्ज कर इनका नेटवर्क खंगाल रही है।
सीओ पीडीडीयू नगर अरुण कुमार सिंह ने पुलिस लाइन में पत्रकार वार्ता में बताया कि रविवार को सूचना के आधार पर अलीनगर थाने की पुलिस और स्वाट की संयुक्त टीम ने मानस नगर गेट के पास स्थित एक मकान की पहली मंजिल पर छापा मारा था। यहां से एक व्यक्ति काे गिरफ्तार किया था। दो किशोरों को भी अभिरक्षा में लिया गया था। पुलिस ने मौके से 100 रुपये के कुल 55 नकली नोट बरामद किए।
इसे भी पढ़ें; ये कैसी व्यवस्था: यूपी के इस जिले में 60 दमकलकर्मियों पर 26 लाख की आबादी को बचाने की जिम्मेदारी, वाहन भी कम
सीओ ने बताया कि कमरे की तलाशी ली गई तो 31 शीट बरामद हुईं, जिसमें प्रत्येक शीट में 100 रुपये के चार नोट और 57 अर्ध निर्मित शीट बरामद हुई। प्रत्येक शीट में 100 रुपये के नोट का फ्रंट हिस्सा छपा था, 100 रुपये के तीन वाटरमार्क शीट, 200 रुपये के 6 वाटरमार्क शीट, 500 रुपये के 4 वाटर मार्क शीट व तीन प्लेन वाटरमार्क का पेपर बरामद हुआ। इनके अलावा, तीन प्रिंटर, एक लैमिनेटर, लकड़ी का बाॅक्स, 300 शीट पेपर, 10 रोल बटर पेपर, एक हेयर ड्रायर व एक लैपटाॅप बरामद हुआ। सीओ ने बताया कि लैपटाॅप में 200 रुपये व 500 रुपये का प्रोफाॅर्मा मिला है। आरोपियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस आगे की कार्रवाई की जा रही है।