वैशाख पूर्णिमा के अवसर पर सोमवार को क्षेत्र के इमिलिया, बरहनी और औरइया गांव के मध्य स्थित ब्रह्म बाबा मंदिर परिसर में मेले का आयोजन किया गया जिसमें ग्रामीणों की भारी भीड़ उमड़ी। इस दौरान क्षेत्र के कई गांवों के करीब दो सौ बच्चों का मुंडन संस्कार भी हुआ। मेले में आए बच्चों ने झूले व चरखी का लुफ्त उठाया। वहीं महिलाएं व नवयुवतियां घरेलू व अन्य सामान खरीदने में व्यस्त रहीं।
कई वर्षों से वैशाख पूर्णिमा पर इमिलिया, बरहनी और औरइया गांव के मध्य स्थित ब्रह्म बाबा मंदिर पर मेले का आयोजन होता चला आ रहा है। इसमें बड़े पैमाने पर बच्चों का मुंडन संस्कार भी होता है। कई दिनों पूर्व से ही मेला देखने के लिए लालायित बच्चों की मनोकामना पूर्ण हुई। मेले में चाट, पकौड़ी, जलेबी, खिलौने, आइसक्रीम, तरबूज, खरबूज सहित अन्य दुकानों पर देर शाम तक बच्चों की भीड़ जमी रही।
क्षेत्रीय बुजुर्गों की माने तो यहां मेले का आयोजन सैकड़ों वर्षों से होता चला आ रहा है। मेले में दूर-दूर से आए दुकानदारों ने अपनी दुकाने लगाई थीं। कुछ दुकानदार तो एक दिन पूर्व ही आकर अपनी दुकान सजा लिए थे। मेले में आने वाले आगंतुकों ने पहले ब्रह्म बाबा का दर्शन किया और बाद में पुरानी परंपरा को संजोए मेले का आनंद लिया।
इस दौरान जिला पंचायत सदस्य संध्या सिंह, मृत्युंजय सिंह दीपू, धीरेंद्र सिंह, अरविंद पांडेय, बच्चा सिंह, बृजेश बारी सहित बड़ी संख्या में महिला पुरुष और बच्चे रहे।