पीडीडीयू कोतवाली के औद्योगिक क्षेत्र फेज एक स्थित सिंदूर फैक्ट्री में गुरुवार की दोपहर अचानक से ड्रायर के फट जाने से आठ मजदूर झुलस गए। फायर में सभी घायल मजदूरों को उपचार के लिए वाराणसी स्थित ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया। जहां उपचार के बाद सभी अपने-अपने घर चले गए।
वाराणसी निवासी राजेश डिडौलिया की पीडीडीयू कोतवाली क्षेत्र स्थित औद्योगिक क्षेत्र के फेज एक में सिंदूर बनाने की फैक्ट्री है। आज दोपहर में मजदूर फैक्ट्री में जब कार्य कर रहे थे कि तभी वहां लगा ड्रायर अचानक तेज आवाज के साथ फट गया।
इस दौरान उसमें रखा गर्म सिंदूर कार्य कर रहे मजदूरों पर जा गिरा। इससे राजेंद्र (36), कल्लू (34), अमर (30), नन्हें(32), रामभजन(35), महेंद्र(28), मुन्ना (30) व जद्दू (40) झुलस गए। घटना के बाद आनन-फानन में फैक्ट्री प्रबंधन की ओर से सभी घायल मजदूरों को वाराणसी स्थित ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया।
कंपनी के संचालक राजेश डिडौलिया ने कहा कि सिंदूर सुखाते समय ड्रायर फटने से घटना हुई। इलाज के उपरांत सभी मजदूरों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। इस बाबत औद्योगिक नगर पुलिस चौकी प्रभारी संजय सिंह ने बताया कि सभी घायलों को ट्रामा सेंटर भेज दिया गया है। सभी की स्थिति खतरे से बाहर है। आग पर काबू पा लिया गया है।
फायर ब्रिगेड की स्थापना की मांग
रामनगर इंडस्ट्रियल एसोसिएशन के अध्यक्ष डीएस मिश्रा और रामनगर औद्योगिक एसोसिएशन के अध्यक्ष देव भट्टाचार्य ने कहा कि नेशनल हाईवे पर लगे जाम के कारण फायर ब्रिगेड की गाड़ियां नहीं पहुंच पाईं। ऐसे में तत्काल औद्योगिक क्षेत्र में फायर ब्रिगेड की स्थापना की जानी चाहिए। ताकि समय पर आग पर काबू पाया जा सके। औद्योगिक क्षेत्र में लंबे समय से फायर स्टेशन की मांग की जा रही है। इसका प्रस्ताव भी कई साल पहले जा चुका है मगर अब तक इसे अमल में नहीं लाया जा सका है।