पीडीडीयू नगर। जिले में रविवार की दोपहर अचानक आई धूल भरी आंधी और बारिश से मौसम में फिर बदलाव हुआ। आधे घंटे तक 50 किमी की रफ्तार से आंधी चली। इस दौरान हुई बारिश से मौसम सुहाना हो गया। इससे अधिकतम और न्यूनतम तापमान में भी एक डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। हालांकि इसके बाद हवा थमने और धूप निकल आने से हल्की गर्मी भी होने लगी। उधर, नौगढ़ में बिजली गिरने से दो भैंस मर गईं।
रविवार को दोपहर करीब ढाई बजे अचानक मौसम बदला और आसमान में काले बादल उमड़ने लगे। कुछ ही देर में तेज हवाएं चलने लगीं और 10 मिनट बाद झमाझम बारिश होने लगी। आधे घंटे की तेज बारिश ने भीषण गर्मी झेल रहे लोगों को गर्मी से राहत दी। जिले में अधिकतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। शनिवार को अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस था, जो रविवार को 35 डिग्री सेल्सियस पर आ गया। न्यूनतम तापमान शनिवार को 26 डिग्री सेल्सियस था, जो रविवार को 25 डिग्री सेल्सियस पर आ गया। मौसम में बदलाव से लोगों को गर्मी से राहत मिली। उधर, रविवार को आई आंधी-बारिश से सबसे ज्यादा नुकसान आम की खेती करने वाले किसानों को हुआ है। इससे पहले दो बार आई आंधी में करीब 50 प्रतिशत आम की फसल बर्बाद हुई थी। इस बार भी आम की ज्यादा फसल बर्बाद हुई है। मौसम विभाग के अनुसार सात मई तक जिले में बारिश और आंधी की संभावना है। राज्य कृषि व मौसम विभाग के प्रभारी अतुल कुमार सिंह ने बताया कि उत्तरी पाकिस्तान और आसपास के क्षेत्रों में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने और ऊपरी हवा का एक चक्रवाती परिसंचरण उत्तर-पश्चिमी राजस्थान और दूसरा पश्चिमी उत्तर प्रदेश में स्थित होने से 10 मई तक गर्मी से राहत मिलने की संभावना है।
उधर, चहनिया क्षेत्र में तेज आंधी और बारिश से मारूफपुर और सुरतापुर बिजली उपकेंद्र से जुड़े कई गांवों की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। चहनिया बिजली उपकेंद्र से जुडे बेला, पहाड़पुर और समुदपुर की बिजली गुल हो गई। समुदपुर में पोखरे के पास तार पर पेड़ गिरने से बिजली का खंभा गिर गया। वहीं बलुआ-टांडा मार्ग पर जाम लग गया। बेला और पहाड़पुर गांव में बिजली का खंभा टूट जाने से आपूर्ति बंद हो गई। मारूफपुर बिजली उपकेंद्र से जुड़े तीरगांवा, सरौली, नादी, सढान, रमदतपुर और टांडाकला में कहीं पोल पर पेड़ की डाल टूटकर लटक गई तो कहीं तार टूट गया है। विद्युत निगम के जेई अजय सिन्हा व बिजली कर्मी देर शाम तक मरम्मत कार्य में जुटे रहे। वहीं सुरतापुर बिजली उपकेंद्र से जुड़े नादी गांव के समीप भी टूटे तार को दुरुस्त करने के लिए विद्युत निगम के कर्मी लगे रहे। इस फीडर से जुड़े सुरतापुर, मोहरगंज, बैराठ, रामगढ़ सहित अन्य गांवों की बिजली आपूर्ति बाधित रही।