कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत हृदयपुर नैयापर गांव में गत 13 अक्तूबर को कच्ची
शराब पीने से दो युवकों की मौत पर परिवार वालों को मुआवजा देने की मांग
पर ग्रामीणों का अनशन दूसरे दिन भी जारी रहा।
मंगलवार को वीरेन्द्र
प्रताप और कमल कुमार अनशन पर बैठे। गांव का प्रतिनिधि मंडल डीएम से मिलने
पहुंचा और मुआवजा देने की गुहार लगाई। डीएम ने किसी भी प्रकार की सहायता
देने से इनकार कर दिया।
इससे ग्रामीणों में नाराजगी रही।
गत तेरह
अक्तूबर को नैयापर गांव में कच्ची शराब पीने से दो युवकों की मौत हो गई,
जबकि दो युवक बीमार हो गए।
इसके बाद से मृतक के परिवार वालों के साथ
ग्रामीण मुआवजा की मांग करते हुए गांव में ही धरना प्रदर्शन शुरू कर दी।
रविवार को पूर्व विधायक छब्बू पटेल भी गांव में पहुंच कर मृतकों के
परिजनों को ढांढस बंधाया और अब तक मांग पूरी न किए जाने पर प्रदेश सरकार
की आलोचना की।
सोमवार से ग्रामीण क्रमिक अनशन पर बैठ गए। जबकि मंगलवार को
दूसरे दिन कमल कुमार और वीरेन्द्र प्रताप अनशन पर बैठे।