उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन के निर्देश पर उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए
चलाए गए एकमुश्त समाधान योजना के समाप्त होने पर चंदासी उपकेंद्र से जुड़े
50 हजार उपभोक्ताओं में से महज 5,600 लोगों द्वारा बिल भुगतान किया गया है।
इससे नाराज प्रबंध निदेशक काजल अग्रवाल ने विद्युत विभाग के एसडीओ
समेत सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को अविलंब बकाएदारों के बिल जमा कराने
के लिए सख्त निर्देश दिया है।
कहा कि बकाएदारों के साथ बिना
कोई रियायत बरते उनके कनेक्शन काट दिए जाएं। कनेक्शन काटने के बाद अगर जांच
में कनेक्शन जुड़ा मिला तो उपभोक्ता पर कार्रवाई तो की ही जाएगी। विभागीय
कर्मी भी नहीं बख्शे जाएंगे।
बकाएदारों के खिलाफ विद्युत विभाग
का अभियान गुरुवार से फिर शुरू हो गया। इसके तहत गुरुवार को चंदासी
उपकेंद्र से जुड़े चंदासी गांव में जांच अभियान चलाकर पंद्रह बकाएदारों के
कनेक्शन काटे गए। इसी क्रम में शुक्रवार को नई बस्ती ट्रांसफार्मर से जुड़े
50 हजार रुपये से अधिक के 25 बड़े बकाएदारों के कनेक्शन शुक्रवार को काटे
गए।
इस अभियान में एसडीओ सुधीर कुमार श्रीवास्तव, जेई राजनाथ यादव, हैदर अली तथा 15 लाइनमैन शामिल रहे।
इस
संबंध में एसडीओ सुधीर कुमार ने कहा कि यह अभियान चलता रहेगा, जब तक 90
प्रतिशत से अधिक बकाएदारों के बिल जमा नहीं हो जाते। उन्होंने कहा कि अगर
काटे हुए कनेक्शन जोड़े पाए गए तो उन पर विभाग मुकदमा दर्ज कराएगा। इन
क्षेत्रों में एक-एक मकान पर दो-दो कनेक्शन पाए गए। जेई राजनाथ ने बताया कि
एक कनेक्शन पर 80 हजार रुपये बकाया था।
वहीं दूसरा कनेक्शन एक माह
पूर्व लिया गया था। जांच में गलत पाए जाने पर दोनों कनेक्शन काट दिए गए।
कहा कि पूरी बकाया राशि जब तक उपभोक्ता जमा नहीं करता, कनेक्शन चालू नहीं
किया जाएगा। इसके लिए नगर में प्रचार कराया जा रहा है ताकि सभी बकाएदार
शीघ्र ही बिजली बिल जमाकर कनेक्शन कटवाने से बचें।