पोस्टमार्टम हाउस के बाहर मौजूद पुलिस अधिकारी व क्षेत्रीय लोग
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थाना क्षेत्र के पंचदेउरा गांव में दोहरे हत्या कांड के बाद दूसरे दिन शनिवार को भी घरों में चूल्हे नहीं जले। पूरा गांव पुलिस छावनी में तब्दील रहा। आधी रात में डीआईजी ने गांव में पहुंच कर मौका मुआयना किया। वहीं दोपहर में दो बजे पोस्टमार्टम के बाद पिता पुत्र का शव गांव में पहुंचा तो पूरा गांव गमगीन हो गया। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शवों का वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर अंतिम संस्कार किया गया।
गांव निवासी प्रेम प्रकाश सिंह उर्फ लल्ला (65) और उनके पुत्र हेमंत सिंह उर्फ बंटी (32) की बदमाशों ने गांव के प्राथमिक विद्यालय के पास शुक्रवार को गोली मारकर हत्या कर दी थी। हत्या की घटना ने पूरे जिले को हिलाकर रख दिया। आनन फानन में पुलिस के साथ एसपी दीपिका तिवारी ने गांव में पहुंच कर वस्तुस्थिति का जायजा लिया। मृतक के पुत्र गोल्डी ने अपने मौसा पट्टीदार अजय कुमार सिंह उर्फ संत सिंह, उनके पुत्र रजनीश सिंह उर्फ बाबू, कुंवर विवेक सिंह उर्फ बिट्टू के खिलाफ तहरीर दी। इस पर देर रात पुलिस ने तीनों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया। हालांकि विपक्षी दल पूरे परिवार संग फरार है। पुलिस ने रात में गांव में आरोपितों के घर के साथ ही सैयदराजा नगर में स्थित संत सिंह के मकान को पूरी तरह खंगाला। रात दो बजे तक एसपी आरोपित के घर पर छानबीन में जुटी रही।
वहीं आधी रात के बाद डीआईजी वाराणसी परिक्षेत्र ने भी गांव में पहुंच कर मौका मुआयना किया और पुलिस अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए। गांव में तनाव को देखते हुए एक सेक्शन पीएसी के साथ ही कई थानों की पुलिस को तैनात किया गया है।
शनिवार को दिन भर पुलिस अधिकारियों के साथ विभिन्न दलों के नेताओं के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा। शनिवार को शवों का पोस्टमार्टम कर शवों का अंतिम संस्कार करा दिया गया।