मुगलसराय । पर्वों पर आतिशबाजी करने व बेचने के लिए नियमों के विरुद्ध पटाखा बनाने व इसका भंडारण का कार्य तेजी से हो रहा है। दीपावली पर्व नजदीक है और इस कार्य में तेजी भी आई है। हाल ही में पटाखा बनाने के दौरान हुए विस्फोट में कई लोगों की जाने चली गई, जिससे सक्रिय हुई सरकार ने इन कामों पर नकेल कसने के लिए पुलिस को निर्देशित किया है। जनपद में पुलिस ने अवैध रूप से पटाखा बनाने वाले लोगों चिह्नित करने, लाईसेंस होल्डर के लाईसेंस की वैधता की जांच, भंडारण की स्थिति एवं आबादी की भौगोलिक स्थिति की जांच पड़ताल शुरू कर दी है।
कानपुर, देवरियां आदि जगहों पर हाल के दिनों में अवैध रूप से पटाखा बनाने के दौरान हुए विस्फोट में कई लोगों की जाने चली गई। पिछले वाराणसी के चेतगंज एंव इसी वर्ष चंदौली के चकिया क्षेत्र में हुए विस्फोट में कई लोगो की जाने चली गई थी। इससे सचेत प्रदेश सरकार सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार अवैध पटाखा निर्माण पर रोक लगाने की कवायद शुरु कर दी है। गौरतलब है कि पर्वो व लगन के नजदीक आने पर अवैध पटाखे बनाने का भंडराण शुरु हो जाता है। लाईसेंस किसी एक व्यक्ति के नाम जारी होता है और इसकी आड़् में कई जगहों पर कार्य होता रहता है। सरकार से मिले कड़े निर्देश के बाद पुलिस अधीक्षक ने मातहतो को सचेत किया कि जनपद के किसी स्थान पर अवैध रुप से पटाखा बनाने की जानकारी मिली तो कार्यवाही की जाएगी । इस के बाद पुलिस लाईसेंस धारकों की वास्तविक स्थिति की जांच शुरु कर दी है। इसमें लाईसेंस होल्डर के लाईसेंस की समयावधि, कार्य क्षेत्र, बनाने की क्षमता, पटाखों की संख्या डएवं उसके प्रकार, ध्वनि की क्षमता, वर्तमान स्थिति की जांच कर रही है। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह ने बताया कि प्रदेश सरकार से मिले निर्देश के क्रम में सभी जांचे कराई जा रही है। जो भी नियम विरूद्ध पटाखों भंडारण या निर्माण करता पकड़ा गया उसके विरूद सख्त कानूनी कार्यवाही की जाएगी ।