मुगलसराय। पूर्व मध्य रेलवे मुगलसराय मंडल के सोननगर गढ़वा रोड सेक्शन में नक्सलियों की हलचल को लेकर रेलवे प्रशासन सतर्क हो गया है। आरपीएफ की गश्त बढ़ाने के साथ ही ट्रेनों में चल रहे एस्कोर्टिंग पार्टी में जवानों की संख्या बढ़ा दी गई है। सोननगर गढ़वा रोड सेक्शन में रात्रिकालीन ट्रेनों में सुरक्षा व्यवस्था चौकस करने के साथ ही मेन रूट गया मुगलसराय पर भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। ट्रैकों की भी सुरक्षा बढ़ा दी गई हैं। राजधानी एक्सप्रेस समेत सभी महत्वपूर्ण ट्रेनों के आगे पायलट इंजन चलाया जा रहा है। आरपीएफ सीनियर कमांडेंट रमेश चंद्र का कहना है कि सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता करने के लिए लोकल पुलिस की भी सहायता ली जा रही है। मंडल में हाई एलर्ट है और आरपीएफ चप्पे-चप्पे पर नजर रखे हैं। कहा कि नक्सलियों के आए दिन बंद की घोषणा के मद्देनजर रेलवे प्रशासन सुरक्षा को लेकर पूरी तरह सतर्क है।
मंडल का तीन रेलवे सेक्शन मुगलसराय-गया, सासाराम-आरा और सोननगर-गढ़वा रोड सेक्शन में सर्वाधिक संवेदनशील सेक्शन सोननगर-गढ़वा रोड है जहां हर दिन नक्सलियों की आहट बनी रहती है। इसकी वजह से इस सेक्शन पर ट्रेनों में एस्कोर्टिंग पार्टी के अलावा सुरक्षा के लिए आरपीएफ की टीम भी लगी रहती है। नक्सली पांच राज्यों उड़ीसा, पश्चिम बंगाल, झारखंड, बिहार और छत्तीसगढ़ में अपने स्थापना को लेकर पहले से ही बंद की घोषणा किए हैं जिसे लेकर रेलवे प्रशासन पूरी तरह हाई एलर्ट है। इस संबंध में आरपीएफ के सीनियर कमांडेंट रमेश चंद्र ने बताया कि संवेदनशील सेक्शन सोननगर-गढ़वा रोड में रात्रिकालीन ट्रेनों को जैमर के सहारे चलाया जा रहा है ताकि सुरक्षा व्यवस्था में कमी न रहे। वहीं मेन सेक्शन गया-मुगलसराय के बीच राजधानी एक्सप्रेस ट्रेनों के आगे पायलट इंजन चलाए जाने के साथ ही एस्कोर्टिंग पार्टी में एक से दो जवानों की संख्या बढ़ा दी गई है। वहीं ट्रैकों और सिग्नल प्वाइंट पर आरपीएफ की नजर चप्पे-चप्पे पर है। अन्य रात्रि कालीन ट्रेनों की गति को नियंत्रित कर चलाया जा रहा है।