चकिया। स्थानीय विकास खंड के पिपरियां ग्राम पंचायत में वृद्धावस्था पेंशन के जीवित पेंशनरों को मृत घोषित करने के मामले में जिलाधिकारी हेमंत कुमार द्वारा नियुक्त जांच अधिकारियों ने रविवार को गांव में जांच की और ग्राम प्रधान एवं ग्राम पंचायत अधिकारी के विरुद्ध चकिया कोतवाली में रविवार को मुकदमा दर्ज कराया है।
जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला समाज कल्याण अधिकारी महेंद्र यादव तथा जिला बेसिक शिक्षाधिकारी बीपी सिंह रविवार को पिपरियां गांव पहुंचे तथा उन्होंने गांव में खुली बैठक आयोजित की एवं जीवित वृद्धावस्था के 35 पेंशनरों को मृत दिखाने के मामले का भौतिक सत्यापन किया। भौतिक सत्यापन में जीवित पेंशनरों को मृत दिखाकर उनकी पेंशन समाप्त कराने का मामला सही साबित हुआ। इसके उपरांत दोनों अधिकारियों ने रविवार की शाम चकिया कोतवाली में पहुंचकर प्रधान पारसनाथ सिंह एवं ग्राम पंचायत अधिकारी अजय चैरसिया के विरुद्ध आईपीसी की धारा 323, 419, 420, 467, 468, 471 तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 31बी एवं अनुसूचित जाति, जनजाति उत्पीड़न निवारण अधिनियम की धारा के तहत मुकदमा दर्ज कराया।