जिला अस्पताल के मनकक्ष में मरीजों का उपचार करते चिकित्सक डॉ नितेश कुमार सिंह व अन्य। संवाद
बाबा कीनाराम स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय से संबंध पंडित कमलापति त्रिपाठी संयुक्त जिला चिकित्सालय में प्रतिदिन 1400 की ओपीडी हो रही है। इसमें इन दिनों मानसिक रोगियों की संख्या 200 से पहुंच रही है।
यही नहीं मानसिक रोगियों की संख्या बढ़ाने के कारण चिकित्सक परेशान हैं और इससे आत्महत्या की घटनाएं भी बढ़ी हैं। इसे रोकने के लिए लोगों में जागरूकता पैदा करना जरूरी है ताकि ऐसी घटनाएं न हो सके।
मानसिक रोगियों में एकांत में बैठना, किसी से न बोलना, तरह-तरह की हरकत करना सहित कई लक्षण दिखाई देते हैं। ऐसा होने पर तत्काल चिकित्सक से सलाह लेनी चाहिए।
जिला अस्पताल के मनोचिकित्सक डॉ. नितेश कुमार सिंह ने कहा कि व्यक्ति को जीवन में संघर्ष के बल पर अपने मुकाम पर पहुंचना चाहिए। व्यक्ति को संयम से काम लेना चाहिए। कहा कि आत्महत्या के बढ़ते मामले चिंता का विषय है।
इन्हें रोकने के तमाम प्रयास कारगर नहीं हो पा रहे। इसे रोकने के लिए सभी को जागरूक करने की जरूरत है। अगर अगर किसी भी प्रकार की परेशानी हो तो तत्काल जिला अस्पताल के मनकक्ष में ले आएं जहां मरीज का उपचार किया जा सके।