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चंदौली : घर बैठे ही लग जा रही थी गुरुजी की उपस्थिति, खेल सामने आने पर 10 से अधिक शिक्षकों को नोटिस

Fri, 17 Sep 2021 07:16 PM IST
उत्पल कांत अमर उजाला नेटवर्क, चंदौली

सार

कुछ ऐसे भी अध्यापक हैं जो बिल्डिंग मैटेरियल, बिसलेरी प्लांट और प्राइवेट स्कूलों का संचालन करते हैं लेकिन इनकी उपस्थिति तैनात विद्यालयों में शत प्रतिशत मिलती है।
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विस्तार
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विद्यालय के बजाय गुरुजी अपने घर पर रहते हैं और उपस्थिति पंजिका में उनका दस्तखत हो जाता है। विद्यालय के शिक्षकों के मिलीभगत से चंदौली जिले के नौगढ़ विकासखंड के कई विद्यालयों में फर्जी हस्ताक्षर का मामला सामने आया है। फर्जी हस्ताक्षर के खेल को एबीएसए अवधेश सिंह ने पकड़ा है। विद्यालयों से गायब रहने वाले अध्यापकों को शह देने वाले सात प्रधानाध्यापकों और 10 से ज्यादा अध्यापकों को नोटिस भेजा है और पूछा है कि अगर अध्यापक स्कूल नहीं आते हैं तो इनका दस्तखत कौन बना रहा है।

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नौगढ़ के कई विद्यालयों से शिक्षकों को गायब होने की लगातार शिकायत लोग एसडीएम डॉ. अतुल गुप्ता से करते आ रहे हैं। शिकायत तो यहां तक मिली है कि यहां कुछ ऐसे भी अध्यापक हैं जो बिल्डिंग मैटेरियल, बिसलेरी प्लांट और प्राइवेट स्कूलों का संचालन करते हैं लेकिन इनकी उपस्थिति तैनात विद्यालयों में शत प्रतिशत मिलती है। एसडीएम ने भी अपनी जांच में पाया कि कई विद्यालयों से शिक्षक गायब रह रहे हैं। उन्होंने इसकी रिपोर्ट बेसिक शिक्षा विभाग को दिया है। 

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फर्जी दस्तखत के इस खेल को एबीएसए अवधेश सिंह ने भी पकड़ा। एबीएसए ने कंपोजिट विद्यालय नौगढ़, कंपोजिट धन कुंवारी कला, कंपोजिट विद्यालय नौगढ़ प्रथम, उच्च प्राथमिक विद्यालय बोदलपुर, मलेवर, प्राथमिक विद्यालय रिठिया, प्राथमिक विद्यालय डुमरिया, शाहपुर के प्रधानाध्यापकों को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए तीन दिन में अपना स्पष्टीकरण देने को कहा है। इसके अलावा उक्त विद्यालयों के सहायक अध्यापकों और शिक्षामित्रों को भी गायब रहने तथा समय से विद्यालय न पहुंचने से संबंधित नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

एबीएसए अवधेश नारायण सिंह ने बताया कि विद्यालयों का निरीक्षण के दौरान उपस्थिति पंजिका का अवलोकन किया गया तो हस्ताक्षर में भिन्नता पाई गई, ऐसा प्रतीत हुआ कि हेड मास्टर, अध्यापक आपसी मिलीभगत से विद्यालय का संचालन कर रहे हैं और बाद में उसकी उपस्थिति बनवा देते हैं।
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