बंद कार में हुई दो बच्चों की मौत से नाराज क्षेत्र के सूजाबाद गांव के ग्रामीणों ने शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद मिले शवों को पड़ाव चौराहे पर रखकर वाहन स्वामी के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज करने की मांग को लेकर जीटी रोड पर चक्का जाम कर दिया। जिससे दो घंटे तक यातायात बाधित रहा और राहगीरों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। सूचना के बाद मौके पर पहुंचे कोतवाली चौक के इंस्पेक्टर एचएस ग्रोवर के वाहन स्वामी के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज करने के लिखित आश्वासन के बाद चक्का जाम समाप्त हुआ।
जानकारी के अनुसार शुक्रवार की शाम सूजाबाद गांव निवासी प्रमोद कन्नौजिया के दोनों बच्चे खुशी (5) और सत्यम (3) अपने घर के दरवाजे पर खेल रहे थे। इसी बीच गांव के ही नज्जर यादव की टाटा इंडिगों कार आ गई और बच्चे खेलते-खेलते न जाने कब कार में बैठ गए। वाहन स्वामी कार को खड़ी करने के बाद लाक कर अपने घर चला गया और बच्चे कार में ही रह गए। घर में काफी खोजबीन करने के बाद जब बच्चे नहीं मिले तो प्रमोद ने पड़ोसियों से पूछा। जिसपर पड़ोसियों ने बच्चों के कार में देखे जाने की बात कही।
इसके बाद वाहन स्वामी को बुलाकर कार को खुलवाया गया तो दोनों बच्चे अचेत अवस्था में कार में मौजूद पाए गए। आननफानन में बच्चों को लेकर ग्रामीण पड़ाव स्थित एक निजी चिकित्सायल में पहुंचे, जहां हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उन्हें वाराणसी स्थित शिवप्रसाद गुप्त मंडलीय चिकित्सालय के लिए रेफर कर दिया, जहां डाक्टरों ने दोनों बच्चों को मृत घोषित कर दिया। मौके पर पहुंची पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। शनिवार की शाम पोस्टमार्टम के बाद शव मिलने पर ग्रामीण दोनों शवों को लेकर पड़ाव चौराहे पहुंचे और शवों को जीटी रोड पर रखकर चक्का जाम कर दिया।
चक्का जाम कर रहे लोगों द्वारा वाहन स्वामी के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज करने की मांग की जाती रही। सूचना के बाद मुगलसराय कोतवाल साजिद सिद्दीकी और कोतवाली चौक के इंस्पेक्टर एचएस ग्रोवर एचएस ग्रोवर मौके पर पहुंे और कार्रवाई का आश्वसन दिया।