पीडीडीयू नगर। पंजीकरण के बगैर चल रहे ई-रिक्शा के खिलाफ परिवहन विभाग की ओर से अभियान चलाकर कार्रवाई की जा रही है। एआरटीओ प्रशासन ने ड्राइविंग लाइसेंस के बगैर नए ई-रिक्शा के पंजीयन पर रोक लगा दी है। वहीं दूसरी तरफ एक अप्रैल से शुरू किए गए अभियान के तहत अब तक अवैध रूप से संचालित 184 ई-रिक्शा के खिलाफ चालान की कार्रवाई की गई है। इसके अलावा 50 ई-रिक्शा को विभिन्न थानों में बंद किया गया।
ड्राइविंग लाइसेंस के बगैर ई-रिक्शा चलाने वालों के खिलाफ परिवहन विभाग सख्त हो गया है। बीते 23 मार्च को मुख्यमंत्री ने परिवहन विभाग के उच्चाधिकारियों के साथ बैठक कर अवैध रूप से संचालित ई-रिक्शा के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इसी क्रम में परिवहन विभाग की ओर से एक अप्रैल से अभियान की शुरुआत की गई। अभियान के दौरान अब तक परिवहन विभाग की ओर से अवैध रूप से संचालित 184 ई-रिक्शा के खिलाफ चालान की कार्रवाई की गई। इसके अलावा 50 ई-रिक्शा को विभिन्न थानों में बंद किया गया। इस दौरान कुल 12 लाख रुपये का चालान किया गया। विभाग की ओर से नाबालिग द्वारा वाहन चलाने, फिटनेस नहीं कराने, इंश्योरेंस नहीं कराने व पंजीयन के बगैर ई-रिक्शा चलाने पर कार्रवाई की जा रही है। एआरटीओ प्रशासन डॉ. सर्वेश गौतम का कहना है कि बिना फिटनेस एवं ड्राइविंग लाइसेंस के चलने वाले ई-रिक्शा न केवल सड़क सुरक्षा के लिए खतरे की वजह बनते हैं, बल्कि वे यात्री और चालक दोनों के लिए जोखिम भी पैदा करते हैं। अवैध ई-रिक्शा के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी। बिना ड्राइविंग लाइसेंस के ई-रिक्शा का पंजीयन नहीं करा सकेंगे।