चेकिंग के दौरान पकड़े गए युवक से बरामद चार लाख के नकली नोट।
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राजकीय रेलवे पुलिस कानपुर ने शनिवार को जीआरपी मुगलसराय की सूचना पर चार लाख के नकली करेंसी नोटों के साथ एक कैरियर को पकड़ा। नोट कटिहार से दिल्ली ले जाया जा रहा था। जीआरपी प्रभारी त्रिपुरारी पांडेय के अनुसार बिहार के कटिहार के चिलमरा निवासी मेनुलहक नोटों की खेप पहुुंचाने ट्रेन से दिल्ली जा रहा था। शुक्रवार की सुबह वह मुगलसराय पहुंचा। वह कटिहार से कानपुर तक का एसी टू टियर के बर्थ संख्या एक पर यात्रा कर रहा था। उसके पास 500-500 की 4 और 1000 की 2 गड्डियों में कुुल चार लाख रुपये बैग में थे। मुखबिर से सूचना मिलते ही तत्काल जीआरपी टीम प्लेटफार्म पर पहुंची लेकिन इससे पहले ही ट्रेन आनंद विहार टर्मिनल के लिए रवाना हो चुुकी थी। त्रिपुरारी पांडेय ने इसकी सूचना कानपुर सेंट्रल जीआरपी को दी। ट्रेन जैसे ही कानपुर सेंट्रल स्टेशन पर पहुंची कि युवक पुिलस को देख खिसक लिया और रातभर कानपुर में गुजारी। शनिवार की दोपहर वह हावड़ा कालका मेल से दिल्ली जाने के लिए प्लेटफार्म नंबर एक के पूर्वी छोर पर बैठा था कि चेकिंग के दौरान पकड़ लिया गया।
उधर, कानपुर में एसपी रेलवे ने प्रेसवार्ता में बताया कि मुगलसरांय जीआरपी के सिपाही शक्ति सिंह और सुजीत कुमार ओझा ने उसे हिरासत में ले लिया। उसके पास से तीन लाख 97 हजार पांच सौ रुपये के नकली नोट बरामद कर लिए गए हैं। एसपी ने दोनों सिपाहियों को ढाई ढाई हजार रुपये का इनाम दिया है। पुलिस की पूछताछ में मैनुल ने बताया कि उसे कटिहार के रईस ने यह रुपये दिल्ली ले जाने को दिए थे। उसने बताया था कि यह भाई की एडमीशन फीस है, जिसे वह दिल्ली पहुंचा थे। इसके एवज में उसे पांच हजार रुपये और एसी कोच का रिजर्व टिकट दिया गया था।